Bareilly: राशन व बेटियों की शादी में मदद के नाम पर लाखों की ठगी
अमृत विचार, बरेली। एक ट्रस्ट संचालक दंपती ने गरीब महिलाओं को हर महीने राशन व बेटियों की शादी में दान-दहेज के साथ 51 हजार रुपये सहायता देने का लालच देकर लाखों रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित महिलाओं ने शुक्रवार को थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की।
गांव सेंधा निवासी विमला देवी, संतोष देव, मुन्नी देवी समेत कई महिलाओं ने पुलिस को दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि खुद को लखनऊ निवासी बताने वाले दंपती ने अपने आप को सनातन धर्म सेवा ट्रस्ट का अध्यक्ष बताया। आरोपियों ने महिलाओं को भरोसा दिलाया कि ट्रस्ट गरीब परिवारों को कम रकम में हर महीने राशन उपलब्ध कराता है व बेटियों की शादी में आर्थिक सहायता दी जाती है।
महिलाओं के अनुसार ट्रस्ट का सदस्य बनाने के नाम पर प्रत्येक महिला से 800 रुपये जमा कराए गए। सदस्यता के बाद एक कार्ड दिया जाता था, जिसमें हर महीने मिलने वाले राशन का विवरण दर्ज होना बताया गया। आरोपियों ने यह भी लालच दिया कि जो महिला सबसे पहले छह सदस्य जोड़ेगी, उसे ट्रस्ट की सभी सुविधाएं मिलेंगी। वहीं 600 सदस्य जोड़ने पर स्कूटी और प्रतिमाह पांच हजार रुपये मानदेय देने का दावा किया गया। इसके अलावा महिलाओं को धूपबत्ती व अगरबत्ती पैकिंग का काम सिखाने की बात भी कही गई।
प्रलोभन में आकर महिलाओं ने रिश्तेदारों और परिचितों को भी ट्रस्ट से जोड़ दिया। पीड़ित महिलाओं के अनुसार उन्होंने करीब 300 से 400 परिवारों को सदस्य बनवा दिया। आंवला के बझेड़ा गांव निवासी प्रीति, क्योलड़िया फैजुल्लापुर निवासी महारानी और बिनावर निवासी लक्ष्मी ने बताया कि उन्होंने आंवला, चंदौसी और बदायूं तक अपने रिश्तेदारों को ट्रस्ट का सदस्य बनवाया था। अब ट्रस्ट संचालकों ने फोन उठाना बंद कर दिया है और किसी से संपर्क नहीं हो पा रहा है। पीड़ित महिलाओं ने जांच कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। एसएचओ पवन कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जाएगी।
शादी का झांसा देकर 63 हजार ठगे
मीरगंज, अमृत विचार: गांव चुरई दलपतपुर निवासी मेघा से जीवनसाथी ऐप के जरिए शादी का झांसा देकर 63 हजार रुपये ठगी करने का मामला सामने आया है। पीड़िता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसकी मुलाकात गत 9 फरवरी2026 को ''जीवनसाथी'' ऐप पर जिला मिर्जापुर निवासी रूपेश कुमार पांडे से हुई थी। आरोपी ने खुद को एनएसजी कमांडो बताया और युवती को शादी का प्रस्ताव दिया। उसने अपने मोबाइल नंबर से संपर्क किया और एक अन्य नंबर को ऑफिस नंबर बताते हुए उसे पर कॉल न करने को कहा। बातचीत आगे बढ़ने पर उसने अपना सैलरी अकाउंट होल्ड होने का बहाना बनाकर पैसों की आवश्यकता जताई। आरोप है कि 12 फरवरी से 25 फरवरी के बीच आरोपी रूपेश कुमार पांडे ने अलग-अलग किस्तों में कुल 63, 550 रुपये अपने आईसीआईसीआई बैंक खाते में ट्रांसफर करा लिए। उसने यूपीआई और क्यूआर कोड के माध्यम से कभी 5 हजार तो कभी 20 हजार रुपये मंगवाए। जब युवती ने और पैसे देने में असमर्थता जताई, तो आरोपी ने उससे दूरी बनानी शुरू कर दी। बाद में युवती ने उसके दूसरे नंबर पर कॉल की, जिस पर एक महिला ने फोन उठाया। महिला ने खुद को आरोपी की पत्नी बताया और यह भी जानकारी दी कि उनका चार साल का बच्चा है। पीड़िता का आरोप है कि सच्चाई सामने आने के बाद आरोपी उसे और उसके परिवार को धमकियां दे रहा है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
