पहले की पत्नी की हत्या, फिर आंखें निकालीं और आंगन में दफना दिया
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक व्यक्ति ने पत्नी के चरित्र पर संदेह होने पर उसकी हत्या कर दी और शव घर के आंगन दफ़न कर दिया। जब उसके नाबालिग बेटे को दिल दहला देने वाली इस घटना का पता चला तो आरोपी पिता पकड़े जाने के डर से फरार हो गया। पुलिस सूत्रों …
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक व्यक्ति ने पत्नी के चरित्र पर संदेह होने पर उसकी हत्या कर दी और शव घर के आंगन दफ़न कर दिया। जब उसके नाबालिग बेटे को दिल दहला देने वाली इस घटना का पता चला तो आरोपी पिता पकड़े जाने के डर से फरार हो गया।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि घटना लोहता क्षेत्र के भिटारी गांव की दलित बस्ती में खिलौना कारीगर राजेंद्र प्रसाद ने अपनी पत्नी आशा देवी के चरित्र पर संदेह होने के बाद उसकी हत्या कर दी। मृतका की आंखें निकाल लीं गई थीं तथा मुंह में कपड़े ठुंसे हुए थे। मृतका के तीन बेटे और एक बेटी है। बेटी की शादी हो चुकी है। तीनों बच्चे मजदूरी करते हैं।
उन्होंने कहा कि राजेंद्र ने आशा के मुंह में कपड़े ठूंस कर सिर पर किसी वजनी चीज से वार हत्या कर दी। हत्या के बाद अपने आंगन में गड्डा खोद कर शव को दफ़न कर रहा था तभी 13 साल का उसका सबसे छोटा बेटा अमर कहीं से आ गया। शव को दफ़न कर फावड़े से मिट्टी पाट रहे पिता से उसने मां के बारे में पूछा तो उसने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। बताया कि वह ज्वैलरी की दुकान पर गई है।
अमर ने संदेह होने पर पिता से आंगन में मिट्टी पाटने का कारण पूछा। पूछते ही आरोपी साइकिल लेकर फरार हो गया। इसके बाद बेटे ने फावड़े से मिट्टी हटायी तो उसमें मां का क्षतविक्षत शव पड़ा मिला। अमर के रोने की आवाज सुनकर आसपास के लोग पहुंच गये। घटना की सूचना पुलिस को दी गई।
इस आधार पर जांच अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंच गये तथा शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि आरोपी को पत्नी के चरित्र पर संदेह था। इस वजह से आये दिन दोनों के बीच झगड़े होते रहते थे। आसपास के लोग भी दोनों के झगड़े के बीच आमतौर पर बीच-बचाव करने नहीं आते थे। उन्होंने बताया कि अभियुक्त राजेंद्र के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश की जा रही है।
