KGMU के लारी कार्डियोलॉजी में बड़ा सवाल: उद्घाटन के एक साल बाद भी 68 बेड खाली, महंगी मशीनें फांक रहीं धूल
96 बेड वाले नए भवन में सिर्फ 28 बेड पर भर्ती, स्टाफ की कमी का हवाला; दूसरी ओर 80 नए टेक्नीशियन-पैरामेडिकल कर्मचारी ज्वाइनिंग के बाद भी तैनाती का इंतजार कर रहे
लखनऊ, अमृत विचार : किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) की लारी कार्डियोलॉजी का नया भवन उद्घाटन के एक साल बाद भी मरीजों के लिए पूरी क्षमता के साथ नहीं चलाया जा रहा है। बेड और महंगी मशीनें होने के बावजूद हृदय रोगियों को पुराने भवन की भीड़ और बेड की कमी से जुझना पड़ रहा है।
14 जुलाई 2025 को मुख्यमंत्री ने 96 बेड वाले 10 मंजिला नए भवन का शुभारंभ किया था। इसमें 2 कैथ लैब, 3-डी और 4-डी ईको मशीन, 150 इन्फ्यूजन पंप और 2 ऑटोमैटिक डिफिब्रिलेटर लगाए गए। लेकिन एक साल बाद भी दूसरे और तीसरे तल के सिर्फ 28 बेड पर ही भर्ती हो रही है। 68 बेड खाली पड़े हैं।
केजीएमयू प्रशासन का कहना है कि डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ की कमी के कारण संचालन नहीं हो पा रहा। विभाग में अभी सिर्फ 11 डॉक्टर हैं। लारी की ओपीडी में रोजाना 400 और इमरजेंसी में 150 से ज्यादा मरीज आते हैं। पुराने भवन के 80 बेड पहले ही फुल रहते हैं। दिलचस्प बात यह है कि करीब दो महीने पहले विश्वविद्यालय ने 80 टेक्नीशियन और पैरामेडिकल कर्मचारियों को ज्वाइन कराया था, लेकिन ज्वाइनिंग के बाद से सभी को रोज सुबह 9 बजे कलाम सेंटर बुलाकर शाम 5 बजे वापस भेज दिया जाता है। विभागवार तैनाती का आदेश अब तक नहीं निकला।
दावा : एक हफ्ते में पूरी क्षमता से शुरू होगा नया भवन
केजीएमयू प्रवक्ता डॉ. केके सिंह का कहना है कि डॉक्टर और अन्य कर्मचारियों की भर्ती प्रक्रिया पूरी हो गई है। एक सप्ताह के भीतर लारी के सभी बेडों पर मरीज भर्ती किए जाएंगे। नवनियुक्त 80 कर्मचारियों की भी तैनाती कराई जा रही है।
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