बरेली: जिले में 22731 संक्रमितों ने होम आइसोलेशन में जीती कोरोना से जंग
बरेली, अमृत विचार। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर भले ही तेजी से फैल रही है लेकिन इसकी गिरफ्त में आने के बाद हिम्मत और हौसले के साथ होम आइसोलेशन में रहकर भी लोगों ने वायरस को हराया है। जिले में होम आइसोलेशन में रहकर 22731 लोगों ने कोरोना को मात दी है। जिले में अब …
बरेली, अमृत विचार। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर भले ही तेजी से फैल रही है लेकिन इसकी गिरफ्त में आने के बाद हिम्मत और हौसले के साथ होम आइसोलेशन में रहकर भी लोगों ने वायरस को हराया है। जिले में होम आइसोलेशन में रहकर 22731 लोगों ने कोरोना को मात दी है। जिले में अब तक 33261 लोग संक्रमण की चपेट में आए जिनमें से 1129 संक्रमितों का इलाज अस्पताल में चल रहा है। करीब 8639 लोग वर्तमान में होम आइसोलेट है।
वरिष्ठ फिजियिशन डा. वागीश वैश्य ने बताया कि होम आइसोलेशन में कोविड प्रोटोकॉल का ठीक से पालन कर वायरस को मात दी जा सकती हैं। जिले में बिना लक्षण वाले 70 प्रतिशत मरीज होम आइसोलेशन में ही वायरस को मात दे रहे हैं। इनमें 10 प्रतिशत से भी कम मरीजों को संक्रमण के शुरुआत के 4 से 8 दिनों में दिक्कत होती है, जिन्हें अस्पताल में भर्ती की जरूरत पड़ती है।
संक्रमितों का आत्मविश्वास बढ़ाता है होम आइसोलेशन
जिला अस्पताल के मन-कक्ष प्रभारी डा. आशीष ने बताया कि होम आइसोलेशन में रहने से मरीज का आत्मविश्वास बढ़ता है। उसे घर का माहौल मिलने से बेहतर चिकित्सा देखभाल हो पाती है। अगर संक्रमित मरीज में लक्षण नहीं हैं तो उन्हें नियमित तौर पर हल्का व्यायाम करना चाहिए। प्राणायाम सहित अन्य योग करें। खूब सारे तरल पदार्थ लें और ताजे फलों के साथ स्वस्थ व संतुलित भोजन खाएं। घर में आइसोलेशन होने पर लापरवाह न हों और परिवार के दूसरे सदस्यों के सीधे संपर्क में न आएं। घर पर रहकर भी कोविड प्रोटोकाल का सख्ती से पालन करें।
फैक्ट फाइल
- जिले में अब तक कुल संक्रमित – 33261
- शनिवार को होम आइसोलेशन में भर्ती मरीज – 745
- अब तक होम आइसोलेशन में भर्ती मरीज – 23486
- अब तक होम आइसोलेशन से डिस्चार्ज मरीज- 9775
- कोविड अस्पतालों में भर्ती संक्रमित – 1129
- वेंटिलेंटर पर कुल संक्रमित – 93
- ऑक्सीजन पर कुल संक्रमित – 700
- आईसीयू में भर्ती कुल संक्रमित – 440
लक्षणविहीन संक्रमितों को चिकित्सकीय परामर्श के आधार पर होम आइसोलेशन का विकल्प दिया जाता है। होम आइसोलेशन के दौरान हालत गंभीर होने पर अस्पताल में भर्ती भी किया जाने का विकल्प है। वहीं, संक्रमण से ठीक हुए लोगों से अपील है कि कोविड गाइडलाइन का पालन करें। -डा. एसके गर्ग, सीएमओ
