बरेली: रोडवेज कर्मचारियों की बढ़ी परेशानी, इस वजह से करना पड़ रहा है ऐसे काम
बरेली, अमृत विचार। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) के टोल टैक्स की दरों में बढ़ोतरी के बाद रोडवेज कर्मचारियों की आफत आ गई है। परिवहन निगम ने भी बसों का किराया बढ़ा दिया लेकिन इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीन (ईटीएम) मशीनों में बढ़ी दरें अपडेट नहीं हैं। ऐसे में कंडक्टरों को मैनुअल टिकट बनाने पड़ रहे …
बरेली, अमृत विचार। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) के टोल टैक्स की दरों में बढ़ोतरी के बाद रोडवेज कर्मचारियों की आफत आ गई है। परिवहन निगम ने भी बसों का किराया बढ़ा दिया लेकिन इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीन (ईटीएम) मशीनों में बढ़ी दरें अपडेट नहीं हैं। ऐसे में कंडक्टरों को मैनुअल टिकट बनाने पड़ रहे हैं। पेन से लिखकर रशीदें काटकर यात्रियों को देने में समय लग रहा है। रुपयों का हिसाब-किताब रखने में भी काफी समय लग रहा है।
टोल टैक्स में बढ़ोतरी के बाद रोडवेज बसों का किराया एक रुपये से लेकर तीन रुपये तक बढ़ाया गया है। इसके बाद से दिक्कत शुरू हुई। रोडवेज के पास जो ईटीएम हैं, उनका अनुबंध कई महीनों पहले निरस्त हो चुका है। नई मशीनों के लिए टेंडर हो चुका है। कोरोना की वजह से अभी तक नई मशीनें रोडवेज को मिली नहीं हैं। इसलिए मौजूदा ईटीएम में किराया अपडेट नहीं हो सकता और न ही बदला जा सकता है।
यह मशीनें पुराने तय किराये के हिसाब से ही टिकट बना रही हैं। इससे यात्री बढ़ा किराया लेने और टिकट में पुराना किराया दर्ज होने पर लड़ाई-झगड़े पर उतारू हो जाते हैं। इसको देखते हुए रोडवेज के परिचालकों को मैनुअल टिकट बनाने के निर्देश दिए गए हैं। सभी परिचालकों को अब ईटीएम की जगह पुरानी रशीदें ही थमाई जा रही हैं जिससे वह टिकट बना रहे हैं। ऐसे में कई परिचालकों को बसें रास्ते में रुकवाकर टिकट बनाने पड़ रहे हैं।
इन जगहों के किराए में हुई बढ़ोतरी
बरेली से केवल दिल्ली मार्ग पर ही टोल पड़ता है। इसलिए बरेली से मिलक तक के किराये में एक रुपये, बरेली से मुरादाबाद तक के किराए में दो रुपये और बरेली से दिल्ली तक के किराए में तीन रुपये की बढ़ोतरी की गई है। दूसरी ओर उत्तराखंड के किराए में भी चार रुपये की बढ़त हुई है। यह बढ़त उत्तराखंड परिवहन निगम के बरेली आने वाली सभी बसों का किराया बढ़ाने के बाद की गई।
यह है ईटीएम की संख्या
बरेली परिक्षेत्र में कुल ईटीएम- 832
बरेली डिपो में- 413
कुल मशीनें- 125
रुहेलखंड डिपो में- 419
कुल कार्यरत मशीनें- 87
“अप्रैल में नई ईटीएम आने को थीं लेकिन कोरोना की वजह से नहीं आ पाईं। इसलिए थोड़ी समस्या हो रही है क्योंकि इन दिनों बसों का संचालन भी कम है। इसलिए समस्या ज्यादा नहीं है। नई ईटीएम आने के बाद समस्या का समाधान हो जाएगा।” -संजीव यादव, एसएम बरेली।
