बाराबंकी: दो श्रद्धालुओं की डूबने से हुई मौत, परिजनों ने पुलिस पर लगाए ये आरोप

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बाराबंकी। सावन के दूसरे सोमवार पर लोधेश्वर महादेव के दर्शन करने आए दो श्रद्धालुओं की अभिरण तालाब में डूबने से मौत हो गई। श्रद्धालुओं की मौत के बाद जलाभिषेक करने आए साथियों को जब सूचना हुई तो उन में कोहराम मच गया। बताया जा रहा है कि मंदिर में इस बार कोरोना कॉल के चलते …

बाराबंकी। सावन के दूसरे सोमवार पर लोधेश्वर महादेव के दर्शन करने आए दो श्रद्धालुओं की अभिरण तालाब में डूबने से मौत हो गई। श्रद्धालुओं की मौत के बाद जलाभिषेक करने आए साथियों को जब सूचना हुई तो उन में कोहराम मच गया। बताया जा रहा है कि मंदिर में इस बार कोरोना कॉल के चलते दर्शन पर रोक लगाई गई थी, लेकिन इसके बावजूद यहां उमड़ी भारी भीड़ के चलते प्रशासनिक तैयारियों की पोल खुल गई है। भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा।

मालूम हो रामनगर स्थित लोधेश्वर महादेव मंदिर में सावन के दूसरे सोमवार को श्रद्धालुओं की उमड़ी भारी भीड़ ने पुलिस प्रशासन की तैयारियों पर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। इस समय सावन का पावन महीना चल रहा है इस महीने में भगवान भोलेनाथ के लाखों श्रद्धालु शिवलिंग पर जलाभिषेक करके उनकी पूजा अर्चना करके फलीभूत को प्राप्त होते हैं। इसी क्रम में सावन के दूसरे सोमवार को शिवलिंग पर जलाभिषेक करने आए दो श्रद्धालुओं की अभिहरण तालाब में स्नान करते समय डूब गए, और डूबने से उनकी दर्दनाक मौत हो गई।

मौत की सूचना मिलते ही जलाभिषेक करने आए सैकड़ों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ अभिहरण तालाब पर पहुंच गई। भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस ने संवेदनहीनता का परिचय देते हुए श्रद्धालुओं पर लाठीचार्ज कर दिया। जिसमें कई श्रद्धालु घायल हो गए। इस मार्मिक घटना से क्षुब्द, शिव भक्तों में स्थानीय पुलिस प्रशासन के खिलाफ काफी रोष व्याप्त है। हादसे में मृत श्रद्धालु की पहचान जितेंद्र कुमार वर्मा तहसील फतेहपुर क्षेत्र निवासी बनियानी उम्र (28) वर्ष के रूप में हुई. दूसरे डूबे श्रद्धालु की पहचान विशाल वर्मा उम्र (26) वर्ष निवासी कस्बा महमूदाबाद जिला सीतापुर के रूप में पहचान की गई। मृतक के साथ आए साथी श्रद्धालु सौरभ ने बताया काफी भीड़ होने के चलते तालाब पर हम लोग नहा रहे थे।

भीड़ को हटाने के लिए पुलिस ने लोगों पर लाठीचार्ज कर दिया। अफरा तफरी में हम लोग भाग कर निकल आए, मगर हमारा साथी जितेंद्र भयवश तालाब में गिर गया, और डूबने से उसकी मौत हो गई, मेरा साथी मेरे सामने ही डूब रहा था लेकिन मेरा दुर्भाग्य मैं उसे बचा नहीं पाया। इस विषय पर क्षेत्राधिकारी रामनगर दिनेश कुमार दुबे ने बताया कि मंदिर में इस बार दर्शन पर रोक लगाई गई थी। किन्तु श्रद्धालुओं की तादाद ज्यादा बढ़ने से यह दुखद घटना हो गई है। वहीं पुलिस की कड़ी मशक्कत के बाद दोनों युवकों के शव को बाहर निकाला गया। पुलिस पूरे मामले की जांच गंभीरता से कर रही है। इसके साथ आवश्यक कार्रवाई भी की जा रही है। पुलिस ने दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज कर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।

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