लखनऊ: 21 जिलों में नहीं मिले एक भी कोरोना मरीज, सीएम ने दिए ये निर्देश

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखनऊ। दूसरे राज्यों में बढ़ते संक्रमण को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह अतिरिक्त सतर्कता और सावधानी बरतने का समय है। थोड़ी सी लापरवाही बड़ी समस्या का कारक बन सकती है। फिलहाल प्रदेश के 21 जिले कोरोना संक्रमण मुक्त रहे। उन्होंने गुरुवार को कोविड नियंत्रण के लिए गठित टीम-9 की बैठक के …

लखनऊ। दूसरे राज्यों में बढ़ते संक्रमण को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह अतिरिक्त सतर्कता और सावधानी बरतने का समय है। थोड़ी सी लापरवाही बड़ी समस्या का कारक बन सकती है। फिलहाल प्रदेश के 21 जिले कोरोना संक्रमण मुक्त रहे।
उन्होंने गुरुवार को कोविड नियंत्रण के लिए गठित टीम-9 की बैठक के दौरान बताया कि अलीगढ़, अमेठी, अयोध्या, बागपत, बांदा, बस्ती, बिजनौर, चित्रकूट, देवरिया, फतेहपुर, गोंडा, हमीरपुर, हरदोई, ललितपुर, महोबा, मऊ, मुजफ्फरनगर, पीलीभीत, रामपुर, शामली और सुल्तानपुर में कोविड का एक भी मरीज शेष नहीं है। बीते 24 घंटे में हुई टेस्टिंग में 63 जिलों में संक्रमण का एक भी नया केस नहीं पाया गया, जबकि मात्र 12 जिलों में इकाई अंक में मरीज पाए गए।

वर्तमान में प्रदेश में कुल एक्टिव कोविड केस की संख्या 258 है। पॉजिटिविटी दर 0.01 प्रतिशत बनी हुई है और रिकवरी दर 98.7 फीसदी है। उन्होंने कहा कि अब तक 7.28 करोड़ सैंपल की जांच की जा चुकी है। बीते 24 घंटे में 2.22 लाख कोविड सैंपल की जांच की गई और 36 नए मरीजों की पुष्टि हुई। इसी अवधि में 16 मरीज स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हुए।

सभी जिलों में नोडल अधिकारी तैनाती के निर्देश

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में बारिश के कारण गड्ढों व निचले स्थानों में जलभराव से बीमारियों के फैलने का खतरा रहता है। कई क्षेत्रों में डेंगू के मरीज सामने आए हैं। मलेरिया के केस बढ़ सकते हैं। ऐसे में साफ-सफाई को लेकर पूरे प्रदेश में अभियान चलाए जाए। सभी जिलों के लिए एक-एक नोडल अधिकारी भेजा जाए। यह अधिकारी बाढ़ व अतिवृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों की भी मॉनीटरिंग करेंगे। आशा, संगिनी, आंगनबाड़ी सहित सभी संबंधित कर्मियों को सक्रिय किया जाए।

ग्राम्य विकास, नगर विकास, महिला बाल विकास, स्वास्थ्य और मेडिकल एजुकेशन विभाग अंतर्विभागीय समन्वय के साथ स्वच्छता और स्वास्थ्य सुरक्षा का विशेष अभियान चलाया जाए। शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित हो। पानी उबाल कर छान कर पीने की जानकारी दें। क्लोरीन की गोलियां वितरित की जाएं। पंचायती राज और नगर विकास विभाग द्वारा बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में भी स्वच्छता-सैनीटाइजेशन का कार्य कराया जाए। यह सभी कार्य मिशन मोड में सभी 75 जिलों में तत्काल शुरू कर दिए जाएं।

मृतक आश्रितों की जल्द हो नियुक्ति

योगी ने कहा कि कोरोना के कारण असमय काल-कवलित हुए कार्मिकों के परिजनों के साथ शासन की पूरी सहानुभूति है। यद्यपि कि अधिकांश आश्रितों को सेवायोजित किया जा चुका है, फिर भी जो केस अभी लंबित हैं, उन पर तत्काल निर्णय लें। इसमें कतई विलंब न हो।

दो दिन में पेश करें ओटीएस योजना : मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों, व्यापारियों और अन्य छोटे उपभोक्ताओं के बिजली बकाये के एकमुश्त समाधान के लिए यथाशीघ्र नवीन योजना प्रस्तुत की जाए। विभागीय मंत्री के साथ विचार-विमर्श कर एकमुश्त समाधान की व्यवहारिक योजना दो दिवस के भीतर प्रस्तुत की जाए।

गलत बिलिंग की न आए शिकायत

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बिजली बिल उपभोक्ताओं के हित का संरक्षण करने के लिए संकल्पित है। बावजूद इसके कई जिलों से बिजली बिल में ओवरबिलिंग और फाल्स बिलिंग की शिकायतें आई हैं। फाल्स बिलिंग और ओवर बिलिंग के एक भी केस न आए। तकनीक की मदद से इसका स्थायी समाधान निकाला जाए। किसी भी दशा में उपभोक्ताओं का उत्पीड़न न हो।

संबंधित समाचार