यूपी के धार्मिक स्थलों पर दाउद के गुर्गों की नजर, जांच में हुआ खुलासा
लखनऊ। यूपी के कई बड़े धार्मिक स्थलों पर अंडरवर्ल्ड डॉन दाउद इब्राहिम की नजर है, उसके गुर्गों ने दिसंबर 2019 में इसके लिए रेकी भी की थी। ये खुलासा हाल ही में दिल्ली और यूपी एटीएस और एनआईए की टीम की ओर से पकड़े गये दो आतंकियों से हुआ है। इस दौरान छह अन्य आरोपियों …
लखनऊ। यूपी के कई बड़े धार्मिक स्थलों पर अंडरवर्ल्ड डॉन दाउद इब्राहिम की नजर है, उसके गुर्गों ने दिसंबर 2019 में इसके लिए रेकी भी की थी। ये खुलासा हाल ही में दिल्ली और यूपी एटीएस और एनआईए की टीम की ओर से पकड़े गये दो आतंकियों से हुआ है। इस दौरान छह अन्य आरोपियों ने भी कई राज खोले हैं, को भी पकड़ गया था। जिसके बाद पूछताछ में पता चला कि दाऊद इब्राहिम के गुर्गों ने दिसम्बर 2019 में कई धार्मिक स्थलों की रेकी की थी।
इस बारे में जानकारी देते हुए एडीजी लॉ एंड आर्डर प्रशांत कुमार सिंह ने बताया कि रेकी के लिए वह कानपुर के रोशननगर मोहल्ले में चार दिन रुके थे। उसके साथ एक महिला सहित बिहार के दो असलहा तस्कर भी थे। एटीएस और एनआईए की टीमें इस तथ्य के सामने आने के बाद से शहर में डेरा डाले हैं। यहां पर तीन और संदिग्धों की तलाश में टीम ने दो घरों के सीसीटीवी फुटेज भी लिए हैं। पिछले हफ्ते दिल्ली और यूपी एटीएस की टीम ने दो आतंकियों सहित छह को गिरफ्तार किया था। इसमें लखनऊ से पकड़े गए मो. आमिर जावेद की ससुराल कानपुर के रोशननगर में है।
प्रयागराज से गिरफ्तार शातिर हुमैद आमिर का साला है। आमिर की इनोवा गाड़ी उसकी ससुराल से बरामद की गई थी। इस कार से आतंकियों तक हथियार पहुंचाए जाते थे. गाड़ी आमिर के पिता के नाम रजिस्टर्ड है। हाल ही में एटीएस और एनआईए की जांच-पड़ताल में इसका खुलासा हुआ। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार का कहना है कि रोशन नगर में जिस मकान में दाऊद के गुर्गे सहित असलहा तस्कर रुके थे। इस बारे में भी जांच टीम जांच कर रही है। पूछताछ में इन गिरफ्तार आतंकियों से पता चला है कि यूपी के कई धार्मिक स्थलों को चिन्हित कर इसका ब्योरा दाउद इब्राहिम तक पहुंचाया गया है।
