यूपी: एनटीए की लापरवाही से हजारों छात्र तनाव में, जानें वजह
लखनऊ। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की लापरवाही से प्रदेश के हजारों इंजीनियरिंग छात्र तनाव में आ गये हैं। एनटीए की ओर से छात्रों की गलत रैंक बताये जाने के बाद डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय ने काउंसलिंग रोक दिया है। इसके बाद से छात्र लगातार एकेटीयू से संपर्क कर काउंसलिंग कराये जाने की जानकारी …
लखनऊ। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की लापरवाही से प्रदेश के हजारों इंजीनियरिंग छात्र तनाव में आ गये हैं। एनटीए की ओर से छात्रों की गलत रैंक बताये जाने के बाद डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय ने काउंसलिंग रोक दिया है। इसके बाद से छात्र लगातार एकेटीयू से संपर्क कर काउंसलिंग कराये जाने की जानकारी मांग रहे हैं।
वहीं एकेटीयू के अधिकारियों का कहना है छात्रों की रैंक सही अपडेट करने के लिए एनटीए को सूचना भेजी गयी है, लेकिन इस संबंध में अभी तक कोई जवाब नहीं दिया जा रहा है। वहीं एकेटीयू में काउंसिलिंग के लिए पंजीकरण करा चुके 27 हजार से अधिक छात्र व कालेजों में रिपोर्ट कर फीस जमा कर चुके वाले विद्याार्थियों को भुगतना पड़ रहा।
अभी तक विश्वविद्यालय स्तर पर करायी जाती थी परीक्षा
एकेटीयू में प्रवेश के लिए लिए हर साल विवि स्तर पर ही परीक्षा कराई जाती रही है। विवि द्वारा ही काउंसिलिंग की प्रक्रिया के तहत रैंकिंग व सीट अलाटमेंट किया जाता रहा। मगर इस बार एकेटीयू में जेईई मेन के जरिए दाखिले की व्यवस्था है, जिसे कराने की जिम्मेदारी नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) को सौंपी गई।एनटीए द्वारा दिए गए परीक्षा परिणाम के आधार पर एकेटीयू द्वारा काउंसिलिंग प्रक्रिया आयोजित की गई। जिसमें एनटीए ने गलत रैंक छात्रों की भेजी है।
एनटीए की लापरवाही रैकिंग में बड़ी अनियमितता सामने आयी है। इस संबंध में एनटीए के अधिकारियों को सूचना दे दी गई है, जैसे ही मेरिट सूची जारी होगी काउंसलिंग शुरू की जायेगी…आशीष मिश्रा प्रवक्ता एकेटीयू।
