अयोध्या: आंदोलित वकीलों की जिला जज से वार्ता बेनतीजा, अधिवक्ताओं ने बुलाई बैठक
अयोध्या। बार एसोसिएशन के मंत्री के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर का मामला गरमाता जा रहा है। मंगलवार को बार का सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष सुशील कुमार चौबे के नेतृत्व में जिला जज से मिला, लेकिन वार्ता का कोई सार्थक परिणाम नहीं निकला। अब मामले में अगली रणनीति पर चर्चा के लिए बुधवार को बार की …
अयोध्या। बार एसोसिएशन के मंत्री के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर का मामला गरमाता जा रहा है। मंगलवार को बार का सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष सुशील कुमार चौबे के नेतृत्व में जिला जज से मिला, लेकिन वार्ता का कोई सार्थक परिणाम नहीं निकला। अब मामले में अगली रणनीति पर चर्चा के लिए बुधवार को बार की बैठक बुलाई गई है। वहीं अवध बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ने आश्वासन दिया है कि वह मामले में हर स्तर से सहयोग करेंगे।
बार एसोसिएशन के मंत्री कृष्ण कुमार वर्मा व एक अन्य अधिवक्ता के खिलाफ अदालत के कर्मचारी की तरफ से दर्ज कराई गई रिपोर्ट के मामले में संघ अध्यक्ष सुशील कुमार चौबे के नेतृत्व में 7 सदस्य प्रतिनिधि मंडल मंगलवार को जिला जज ज्ञान प्रकाश तिवारी से मिला और बार एसोसिएशन के मंत्री के खिलाफ दर्ज हुई रिपोर्ट को खत्म करने की मांग की। इस दौरान जिला जज ने संबंधित जज से वार्ता करने के बाद ही कोई आश्वासन देने के लिए कहा। जिला जज की ओर से कोई आश्वासन न मिलने के बाद बुधवार को प्रकरण पर फिर बैठक बुलाई गई है इसमें अगली रणनीति पर चर्चा की जाएगी।
अवध बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश चौधरी का बार एसोसिएशन अध्यक्ष सुशील चौबे, मंत्री किरण कुमार वर्मा ने स्वागत किया तथा उन्होंने प्रकरण में हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया। खबर है कि बार एसोसिएशन के मंत्री कृष्ण कुमार वर्मा ने मुहर्रिर शालिनी यादव व कोर्ट के अन्य कर्मचारी के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी है।
गौरतलब है कि बीते 8 अक्टूबर को बार एसोसिएशन के मंत्री कृष्ण कुमार वर्मा, अधिवक्ता राजेंद्र कुमार तथा छह अज्ञात अधिवक्ताओं के खिलाफ सिविल जज सीनियर डिवीजन द्वितीय भगवान दास गुप्ता की अदालत पर तैनात कोर्ट मुहर्रिर शालिनी यादव ने एफआईआर दर्ज करवाई थी। उसमें आरोप था कि अदालत में इनायत नगर थाना क्षेत्र के सबा बानो समेत तीन अभियुक्तों की जमानत अर्जी दी गई थी, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया था। इसकी शिकायत अधिवक्ता ने बार एसोसिएशन के मंत्री से की तो उन्होंने अधिवक्ता के साथ अदालत में पहुंचकर अभद्रता की।
