संभल : घर पर आई थी बारात, चोर ले उड़े सात लाख का सामान
संभल,अमृत विचार। थाना क्षेत्र के गांव में किसान की बेटी की बारात मुरादाबाद से आई थी। बारात आने के बाद दरवाजे पर होने वाली टीका रस्म के दौरान सारे परिवार वाले दरवाजे पर ही मौजूद थे। इसी बीच मौका पाकर घर में घुसे चोर कमरे में रखे संदूक का ताला तोड़ ढाई लाख नकद व …
संभल,अमृत विचार। थाना क्षेत्र के गांव में किसान की बेटी की बारात मुरादाबाद से आई थी। बारात आने के बाद दरवाजे पर होने वाली टीका रस्म के दौरान सारे परिवार वाले दरवाजे पर ही मौजूद थे। इसी बीच मौका पाकर घर में घुसे चोर कमरे में रखे संदूक का ताला तोड़ ढाई लाख नकद व सोने-चांदी के आभूषण सहित करीब सात लाख का माल चोरी कर ले गए। परिजनों ने घर में वापस आकर देखा तो अंदर का दृश्य देख उनके होश उड़ गए। किसान को सुबह में बिना आभूषणों के ही पुत्री को विदा करना पड़ा। पीड़ित ने पुलिस को अज्ञात चोरों के खिलाफ तहरीर दी है।
शुक्रवार को थाना क्षेत्र के गांव खेमपुर निवासी अमर सिंह पाल की बेटी राजकुमारी की बारात जनपद मुरादाबाद के पाकबड़ा से आई थी। अमर सिंह ने बारात के स्वागत और खाने का इंतजाम घर के सामने ही टेंट लगाकर किया था। वहां पर पहले बारात ने नाश्ता किया। कुछ ही देर में बारात भी दरवाजे पर आ गई। अमर सिंह के सारे रिश्तेदार और परिवार के लोग दरवाजे की रस्म के लिए घर से बाहर आ गए।
इस बीच परंपरा के अनुसार दूल्हे को दक्षिणा देने के लिए रुपये लेने के लिए जब अमर सिंह की पत्नी घर के अंदर गईं तो वहां का दृश्य देख उनके पांव तले से जमीन खिसक गई। कमरे में रखे संदूकों के ताले टूटे पड़े थे। घबराई हालत में उन्होंने संदूक चैक किए तो पता चला कि उनमें रखे ढाई लाख रुपये व सोने के 10 तथा चांदी के सात आभूषण सहित करीब सात लाख का सामान गायब था। इस पर उन्होंने पति को जानकारी दी तो वह भी सन्न रह गए। धीरे-धीरे रिश्तेदारों और बारातियों तक भी बात पहुंच गई।
इस पर वहां हड़कंप मच गया। क्षण भर में सारी खुशियों पर पानी फिर गया। परिवार वालों में रोना-पीटना शुरू कर दिया। काफी देर तक एक-दूसरे से पूछताछ के साथ ही इधर-उधर खोजबीन भी की गई। लेकिन, कहीं कुछ पता नहीं चल सका। तब तक वहां काफी भीड़ जमा हो गई थी। परिजनों ने डायल 112 पर कॉल कर सूचना दी, जिस पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और परिजनों से जानकारी ली। उसके बाद किसी तरह शादी की रस्में पूरी कर सुबह में बिना आभूषणों के ही दुल्हन को विदा किया गया।
