लखनऊ: इंस्टीट्यूट ऑफ फारेंसिक साइंसेस में शिक्षक चयन के लिए बनी उच्च स्तरीय कमेटी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश इंस्टीट्यूट ऑफ फॉरेंसिक साइंसेज लखनऊ के शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक संवर्ग की योग्यता व चयन के लिए अलग नियमावली बनाई जा रही है। यह नियमावली इंस्टीट्यूट के इस संवर्ग के लिए नेशनल फारेसिंक साइंस यूनिवर्सिटी (एनएफएसयू) के मानक और राज्य सरकार के नियमों के परिपेक्ष्य में अलग से बनाई जा रही है। …
लखनऊ। उत्तर प्रदेश इंस्टीट्यूट ऑफ फॉरेंसिक साइंसेज लखनऊ के शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक संवर्ग की योग्यता व चयन के लिए अलग नियमावली बनाई जा रही है। यह नियमावली इंस्टीट्यूट के इस संवर्ग के लिए नेशनल फारेसिंक साइंस यूनिवर्सिटी (एनएफएसयू) के मानक और राज्य सरकार के नियमों के परिपेक्ष्य में अलग से बनाई जा रही है। प्रस्तावित नियमावली का ड्राफ्ट उपलब्ध कराए जाने के लिए एक उच्चस्तरीय कमेटी बनाई गई है।
यह निर्णय उत्तर प्रदेश इंस्टीटयूट ऑफ फॉरेंसिक साइंसेज के लिए गठित सोसायटी के बोर्ड ऑफ गवर्निंग बाडी की पहली बैठक में सोमवार को लिया गया। यह बैठक अपर मुख्य सचिव, गृह अवनीश कुमार अवस्थी की अध्यक्षता में लोक भवन में हुई। बैठक में वीडियों कॉफ्रेंसिंग के माध्यम से बोर्ड ऑफ गवर्निंग बाडी के उपाध्यक्ष और पुलिस महानिदेशक मुकुल गोयल ने भाग लिया।
फॉरेंसिक इंस्टीट्यूट द्वारा आगामी जून-जुलाई मास से डिप्लोमा व सर्टिफिकेट कोर्स शुरू किए जाने की रूपरेखा तैयार की गई है। इस संस्थान के लिए मंजूर किए गए पदों की नियमानुसार भर्ती की प्रक्रिया भी शीघ्र शुरू की जाएगी। इसके संवर्ग के कुल 131 पदों का सृजन शासन ने कर दिया है। इन पदों पर प्रतिनियुक्ति के आधार पर और सीधी भर्ती के माध्यम से नियुक्तियां की जाएगी। इनमें से जरूरी पदों को यथा शीघ्र भरे जाने की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है।
गर्वनिंग बाडी की दूसरी बैठक आगामी 10 दिसंबर को प्रस्तावित की गई है, जिसमें आज की बैठक में लिए गए निर्णयों की प्रगति समीक्षा होगी। गर्वनिंग बाडी में फोरेंसिक क्षेत्र के तीन विशेषज्ञ नामित किए जाने के लिए एनएफएसयू से अनुरोध किए जाने के निर्देश दिए गए है। इस संस्थान में डिप्टी डायरेक्टर के पदो को आईपीएस अधिकारियों से भरे जाने के स्थान पर फारेसिंक क्षेत्र के अधिकारियों एवं वैज्ञानिकों की तैनाती किये जाने का निर्णय लिया गया है। बैठक में उप्र इंस्टीटयूट ऑफ फारेंसिक सांइसेंस लखनऊ सोसायटी के प्रथम बाईलॉज 2021 में प्रस्तावित संशोधनों पर भी विस्तार से विचार विमर्श किया गया।
बैठक में सचिव गृह बीडी पाल्सन, एकेटीयू के कुलपति विनीत कंसल, अपर पुलिस महानिदेशक इंटेलिजेंस एसबी शिरोडकर, अपर पुलिस महानिदेशक ट्रेनिंग डॉ. संजय तरडे, पुलिस महानिरीक्षक टेक्निकल मोहित अग्रवाल के अलावा न्याय, वित्त और प्राविधिक शिक्षा विभाग के विशेष सचिव आदि ने भाग लिया।
