लखनऊ: 10 महीने में 400 से अधिक लोग सड़क हादसों के कारण हुए दिव्यांग
लखनऊ। राजधानी में बीते दस महीने में ऐसे 473 ऐसे लोग चिन्हित किए गए हैं, जो सड़क हादसों के कारण दिव्यांग हो गए हैं। इन दुर्घटनाओं में किसी की आंख चली गई तो किसी के हाथ कट गए। ऐसे लोग दिव्यांगता प्रमाण पत्र बनवाने के लिए मजबूर हो गए हैं। सड़क हादसों में दिव्यांग होने …
लखनऊ। राजधानी में बीते दस महीने में ऐसे 473 ऐसे लोग चिन्हित किए गए हैं, जो सड़क हादसों के कारण दिव्यांग हो गए हैं। इन दुर्घटनाओं में किसी की आंख चली गई तो किसी के हाथ कट गए। ऐसे लोग दिव्यांगता प्रमाण पत्र बनवाने के लिए मजबूर हो गए हैं। सड़क हादसों में दिव्यांग होने वालों में युवा वर्ग के लोगों की संख्या अधिक है।
बीते साल 2020 में जनवरी से अक्टूबर दस महीने में सड़क हादसों में 511 लोग घायल होकर दिव्यांगता की श्रेणी में आ गए। इस साल 2021 में जनवरी से अक्टूबर तक 473 लोग हादसे में दिव्यांग हो गए। परिवहन विभाग के अधिकारियों के अनुसार सड़क हादसों में सबसे बड़ी वजह ओवर स्पीड है। इसकी वजह से हादसे अधिक हो रहे हैं और घायल होने वालों की संख्या बढ़ रही है।
पढ़ें- ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ कार्यक्रम में कॉमन सर्विस सेंटर के संचालक किए गए सम्मानित
सड़क सुरक्षा सेल के इंचार्ज पुष्पसेन सत्यार्थी के हादसों का सबसे अधिक शिकार दो पहिया वाहन चालकों की है। तेज रफ्तार और स्टंट के चलते वे दुर्घटनाओं को न्योता दे बैठते हैं। ऐसे में जरूरी है कि सड़क सुरक्षा का पाठ स्कूल और कॉलेज में पढ़ने वालों को बताया जाए जिससे वह यातायात नियमों को ध्यान में रखते हुए वाहन चलाए।
सड़क हादसों में दूसरा मुख्य कारण ब्लैक स्पॉट है। इन जगहों पर आए दिन हादसे होते हैं। खराब रोड इंजीनियरिंग को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया जा सकता है। हालांकि ब्लैक स्पॉट को ठीक किए जाने का काम चल रहा है। कहीं डिसप्ले बोर्ड लगाए जा रहे हैं तो कहीं पर ब्रेकर भी बनाया जा रहा है।
