गोण्डा के जिलाधिकारी और उनके तीन स्टाफ हुए कोरोना पॉजिटिव
गोण्डा। उत्तर प्रदेश में गोण्डा जिले के जिलाधिकारी मार्कण्डेय शाही और उनके स्टाफ के तीन सदस्य कोरोना की चपेट में आ गए हैं। स्वास्थ्य विभाग से गुरूवार को मिली जानकारी के अनुसार जिलाधिकारी और उनके स्टाफ के तीन सदस्यों समेत बुधवार को 51 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है जिन्हें मिलाकर जिले में …
गोण्डा। उत्तर प्रदेश में गोण्डा जिले के जिलाधिकारी मार्कण्डेय शाही और उनके स्टाफ के तीन सदस्य कोरोना की चपेट में आ गए हैं। स्वास्थ्य विभाग से गुरूवार को मिली जानकारी के अनुसार जिलाधिकारी और उनके स्टाफ के तीन सदस्यों समेत बुधवार को 51 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है जिन्हें मिलाकर जिले में मरीजों की संख्या 158 हो गई है।
उन्होंने बताया कि संक्रमितों के संपर्क में आए लोगों की पहचान के साथ जांच का दायरा और बढ़ा दिया गया है। बुधवार को जांच में डीएम मार्कण्डेय शाही, उनके ओएसडी शिवराज शुक्ल, स्टेनो त्रिपुरारी शर्मा और अर्दली ऋषि कुमार जांच में कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। सभी को चिकित्सीयकीय निगरानी में होम आइसोलेशन में रखा गया है।
रामपुर : मतदाताओं की पहली पसंद रहे जमीन से जुड़े नेता
शाहबाद विधानसभा क्षेत्र के मतदाताओं की पहली पसंद जमीन से जुड़े नेता ही रहे हैं। अब तक के इतिहास पर नजर डालें तो प्रमाण सामने आ जाता है। यहां की जनता ने रुतबा और ताम-झाम दिखाने वाले विधायक को दोबारा लखनऊ पहुंचने का मौका नहीं दिया। इसके साथ ही जिस विधायक ने क्षेत्र में जनता के बीच रहते हुए अच्छे कार्य किए, उसे यहां के लोगों ने सिर-आंखों पर बैठा लिया। राज्य में पहला विधानसभा चुनाव वर्ष 1952 में हुआ। तब 66 शाहबाद-मिलक सीट हुआ करती थी और पहले चुनाव में दो विधायक चुने गए थे। शाहबाद की जनता ने पहली बार हुए चुनाव में कृष्ण सरन आर्या और कल्याण राय को चुनकर लखनऊ भेजा था।
पूरी खबर पढ़नें के लिए यहां क्लिक करें- रामपुर : मतदाताओं की पहली पसंद रहे जमीन से जुड़े नेता
