रायबरेली: कोहरा और गलन से फिर गिरा तापमान, जनजीवन हुआ अस्त-व्यस्त

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रायबरेली। जनवरी में मौसम का बदला मिजाज लोगों को परेशान किए हुए है। पिछले कई सालों में इस तरह की सर्दी जनवरी में नहीं पड़ी। चार दिन गुनगुनी धूप निकलने के बाद रविवार रात से मौसम बदल गया। सोमवार को कोहरा से लोग सर्दी से परेशान रहे। सूर्यदेव के दर्शन नहीं हुए वहीं रात में …

रायबरेली। जनवरी में मौसम का बदला मिजाज लोगों को परेशान किए हुए है। पिछले कई सालों में इस तरह की सर्दी जनवरी में नहीं पड़ी। चार दिन गुनगुनी धूप निकलने के बाद रविवार रात से मौसम बदल गया। सोमवार को कोहरा से लोग सर्दी से परेशान रहे। सूर्यदेव के दर्शन नहीं हुए वहीं रात में पाला पड़ने से भीषण गलन के साथ आलू की फसल करने वाले किसान परेशान हैं।

सोमवार सुबह से फिर से मौसम बदल गया। सुबह घना कोहरा रहा। हाल यह रहा कि सुबह 8 बजे दृश्यता 5 मीटर रही। जिससे वाहनों की रफ्तार धीमी रही। वहीं सड़क पर कम ही लोग निकले। चार दिन बाद सर्दी ने फिर से अपना सितम ढाना शुरू कर दिया है।

मौसम विभाग के मुताबिक अगले कुछ दिन ऐसे ही बादल छाए रहेंगे। सुबह-शाम कोहरा रहेगा। हल्की हवाएं चलेंगी जिससे आने वाले दिनों में ठंड और गलन के साथ ठिठुरन बढ़ेंगी। शनिवार को अधिकतम तापमान 18 डिग्री तथा न्यूनतम तापमान 6 डिग्री रहा। अधिकतम तापमान में चार डिग्री की कमी आई है।

पाला पड़ने से आलू को नुकसान

रात में पिछले तीन दिन से पाला पड़ रहा है जिससे आलू की फसल को झुलसा रोग लगने की संभावना हो गई है। जिला उद्यान अधिकारी केशव राम चौधरी के मुताबिक किसान आलू की फसल में पानी न लगाएं वहीं राख का छिड़काव करें। साथ ही रोग नाशक दवा का छिड़काव करें।

20 साल बाद पड़ी कड़ाके की सर्दी

करीब 20 साल बाद जनवरी में भीषण सर्दी का प्रकोप जारी है। मकर संक्रांति के बाद से सर्दी ने  यू टर्न लिया जिससे लोगों की हड्डियां कांप गई हैं।  20 साल बाद जनवरी सबसे सर्दी भरा है। औसत तापमान 12 डिग्री है। 22 जनवरी से  विक्षोभ सक्रिय हुआ है जिससे बारिश होने की संभावना है।

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