लखनऊ: महिला IAS के मामले में पुलिस ने शुरू की जांच, आरोपी पूर्व पति ने भी किया पलटवार
लखनऊ। महिला आईएएस शुभ्रा सक्सेना द्वारा अपने पूर्व पति बिल्डर शशांक गुप्ता के ऊपर पीछा करने और शारीरिक-मानसिक रूप से परेशान करने के आरोप लगाने के मामले की पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। इस मामले में सुशांत गोल्फ सिटी कोतवाली पुलिस आरोपी पति से पूछताछ कर रही है। हाईप्रोफाइल मामले की हर पड़ताल …
लखनऊ। महिला आईएएस शुभ्रा सक्सेना द्वारा अपने पूर्व पति बिल्डर शशांक गुप्ता के ऊपर पीछा करने और शारीरिक-मानसिक रूप से परेशान करने के आरोप लगाने के मामले की पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। इस मामले में सुशांत गोल्फ सिटी कोतवाली पुलिस आरोपी पति से पूछताछ कर रही है।
हाईप्रोफाइल मामले की हर पड़ताल कर रही पुलिस
मामला महिला आईएएस से जुड़ा होने के कारण इसे हाईप्रोफाइल केस के तौर पर देखा जा रहा है। इधर गुरुवार को आरोपी पूर्व पति बिल्डर शशांक गुप्ता ने भी मामले में पलटवार करते हुए बताया है कि कुछ बिल्डरों व ब्रोकर के बहकावे में आकर महिला आईपीएस द्वारा उन्हें झूठे आरोपों में फंसाया जा रहा है।
धमकी देने के साथ मांगे थे 10 करोड़ रुपये
शशांक गुप्ता ने बताया कि उनकी कंस्ट्रक्शन कंपनी शायना फाउंडेशन एक नॉन प्रॉफिटेबल आवास कंपनी है। जो बाजार से 30 प्रतिशत कम मूल्य पर जरूरतमंदों को फ्लैट उपलब्ध कराती है। इसी से डर से कुछ बिल्डरों ने नोएडा के रहने वाले ब्रोकर प्रवृत्ति के नितिन सिंह नामक युवक के माध्यम से उन्हें झूठे आरोपों में फंसाने का प्रयास किया।
नितिन ने उसे गिरफ्तार कराने और एसटीएफ से हत्या करवाने की धमकी दी। इसके बाद नितिन ने महिला आईएएस व उसकी पूर्व पत्नी शुभ्रा सक्सेना के भाई राहुल चंद्रा से दोस्ती की और शुभ्रा को बहला-फुसलाकर उससे 10 करोड़ रुपये की मांग की। जब शशांक ने पैसे देने से इनकार कर दिया तो महिला आईएएस को भड़काकर उनपर झूठे आरोप लगवा दिये।
शुभ्रा सक्सेना हैं अच्छी अधिकारी: शशांक
शशांक ने कहा कि उनकी पूर्व पत्नी शुभ्रा सक्सेना एक अच्छी अधिकारी हैं, पर अपने भाई राहुल चंद्रा और उसके मित्र नितिन सिंह की कुसंगति के कारण वह इस प्रकार के फर्जी मुकदमे दर्ज कराने को मजबूर हो गई हैं।
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