बहराइच: कतर्नियाघाट में शुरू होगी बाघों की गणना, जानें कैसे होगी संख्या की पहचान
बहराइच। कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग में मंगलवार से बाघों की गणना होगी। इसके लिए 283 स्थान चिन्हित किए गए हैं। चिन्हित स्थानों पर दो-दो थर्मों सेंसर कैमरे लगाए जाएंगे। इसकी तैयारी वन विभाग ने पूरी कर ली है। कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग में 551 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है। संरक्षित वन क्षेत्र में इस समय 30 …
बहराइच। कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग में मंगलवार से बाघों की गणना होगी। इसके लिए 283 स्थान चिन्हित किए गए हैं। चिन्हित स्थानों पर दो-दो थर्मों सेंसर कैमरे लगाए जाएंगे। इसकी तैयारी वन विभाग ने पूरी कर ली है।
कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग में 551 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है। संरक्षित वन क्षेत्र में इस समय 30 से 40 बाघ विचरण कर रहे हैं। प्रभागीय वनाधिकारी आकाशदीप वधावन ने बताया कि मंगलवार से बाघों की गणना शुरू होगी। इसके लिए मोतीपुर, सुजौली, ककरहा, मूर्तिहा, कतर्नियाघाट, निशाना गाड़ा और धर्मापुर रेंज में 283 स्थान चिन्हित किए गए हैं।
डीएफओ ने बताया कि सभी स्थान पर दो दो थर्मो सेंसर कैमरे लगाए जाएंगे। इस कैमरे के द्वारा रात और दिन में निकलने वाले बाघों के चित्र कैमरे में कैद होगी। इसके बाद चिप जांच के लिए वन्यजीव संस्थान देहरादून भेजा जायेगा। डीएफओ ने बताया कि इस समय जंगल में 30 से 40 की संख्या में बाघ विचरण कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि वन्यजीव प्रभाग में प्रति दो वर्ष पर बाघ की गणना के लिए कैमरे लगाए जाते हैं।
धारियों से होगी पहचान
डीएफओ ने बताया कि जंगल में 283 स्थानों पर दो दो थर्मो सेंसर कैमरे लगाए जाएंगे। कैमरे में लगी चिप में बाघ की तस्वीर कैद होगी। इसके बाद चिप को जांच के लिए वन्यजीव संस्थान देहरादून भेजा जायेगा। वहां पर वन्यजीव विशेषज्ञों द्वारा धारियों के द्वारा बाघों की अलग अलग पहचान की जाएगी।
