बाराबंकी: अज्ञात वाहन की टक्कर से पलटी कार, महिला की हुई मौत
बाराबंकी। रविवार की देर रात कार पर सवार होकर युवक अपनी पत्नी व अन्य परिवारीजनों के साथ घर को वापस जा रहा था। कस्बे मे ब्लॉक चौराहे के पास अज्ञात वाहन की जोरदार टक्कर लगने से कार सड़क किनारे पलट गयी। चीख पुकार सुनकर मौके पर पहुंची पुलिस ने कार के शीशे तोडकर उसमे फंसे …
बाराबंकी। रविवार की देर रात कार पर सवार होकर युवक अपनी पत्नी व अन्य परिवारीजनों के साथ घर को वापस जा रहा था। कस्बे मे ब्लॉक चौराहे के पास अज्ञात वाहन की जोरदार टक्कर लगने से कार सड़क किनारे पलट गयी।
चीख पुकार सुनकर मौके पर पहुंची पुलिस ने कार के शीशे तोडकर उसमे फंसे सभी लोगो को बाहर निकालकर उपचार के लिए सीएचसी भेज गया। प्राथमिक उपचार के पश्चात चिकित्सकों ने सभी घायलों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया जहां उपचार के दौरान एक महिला की मौत हो गई।
बाराबंकी की शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला सत्यप्रेमीगनर नरेन्द्र यादव 45 अपनी पत्नी गीता देवी 37 व अपनी बहन रीता यादव 40 कलावती 45 व दो भांजों के साथ मोहम्मदपुर खाला थानाक्षेत्र के ग्राम पिपरीढकवा अपनी ससुराल गये थे। देर रात करीब 1 बजे वह कार से अपने घर के लिए निकले थे। फतेहपुर कस्बे के ब्लॉक चौराहे के निकट किसी अज्ञात वाहन ने कार मे जोरदार ठोकर मार दी जिससे कार कई पलथे खाकर सडक किनारे पलट गयी। ठोकर इतनी भीषण थी कि आसपास के लागे घरों के बाहर निकल आये और हादसे की सूचना पुलिस को दी।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने कार मे से सभी लोगो को शीशे तोडकर बाहर निकाला, और घायल सभी लोगों को उपचार के लिए सीएचसी में भर्ती कराया। प्राथमिक उपचार होने के पश्चात सभी घायलों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। इस सम्बन्ध में कोतवाल संजय मौर्य ने बताया कि अनियंत्रित होकर कार सडक किनारे पलट गयी थी। कार मे फंसे सभी लोगों को प्राथमिक उपचार कराने के पश्चात जिला अस्पताल भेजवा दिया गया है।
कस्बे के सबसे व्यस्ततम ब्लॉक चौराहे पर कोई भी संकेतक पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा नहीं लगाया गया है। वहीं चौराहे के आस पास मुख्य मार्गों पर दुकानदारों द्वारा अतिक्रमण फैला हुआ है। जिसके कारण आये दिन इस चौराहे पर हादसे होते रहते है अभी हाल ही मे इसी चौराहे के पास रखे ट्रान्सफार्मर मे एक डीसीएम घुस गई थी जिससे बड़ा हादसा टल गया था। स्थानीय लोगो की मांग है कि इस चौराहे पर संकेतक लगाने के साथ ब्रेकर भी बनवाये जाये जिससे दुर्घटनाओं पर अंकुश लग सके।
पढ़ें- यूपी चुनाव 2022: प्रत्याशियों की जमानत राशि से निर्वाचन आयोग को हुई करोड़ों की कमाई
