बहराइच: पति की मौत के बाद पेंशन के लिए भटक रही वृद्ध, डीएम से लगाई गुहार
बहराइच। रूपईडीहा के केवलपुर गांव निवासी एक वृद्ध महिला पेंशन के लिए अधिकारियों के दर पर दस्तक दे रही है। लेकिन बिजली विभाग के कर्मी कभी दो देश तो कभी घूस के लिए उसका कागजात नहीं बना रहे हैं। परेशान महिला ने पड़ोसी की मदद से डीएम से गुहार लगाई है। डीएम ने कार्यवाई का …
बहराइच। रूपईडीहा के केवलपुर गांव निवासी एक वृद्ध महिला पेंशन के लिए अधिकारियों के दर पर दस्तक दे रही है। लेकिन बिजली विभाग के कर्मी कभी दो देश तो कभी घूस के लिए उसका कागजात नहीं बना रहे हैं। परेशान महिला ने पड़ोसी की मदद से डीएम से गुहार लगाई है। डीएम ने कार्यवाई का निर्देश बिजली विभाग को दिया है।
सरकारी काम के लिए आम ग्रामीणों को किस तरह अधिकारियों के यहां चक्कर लगाना पड़ता है, इसकी बानगी नानपारा तहसील के केवलपुर निवासी वृद्ध महिला से बेहतर कोई नहीं जान सकता है। हुआ यूं कि लाल बहादुर मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड बहराइच के नानपारा क्षेत्र में बिजली कर्मी के पद पर तैनात था। वर्ष 2005 में लाल बहादुर सेवानिवृत्त हो गए।
इस पर विभाग द्वारा उसे पेंशन आदेश संख्या 1289 पर पांच अक्टूबर 2005 ग्रेच्युटी का भुगतान किया गया। इसके बाद उसे विभाग द्वारा वर्ष 2016 तक पेंशन दिया गया। इसी दौरान लाल बहादुर की मौत हो गई। पति की मौत के बाद महिला अपने बेटे के पास नेपाल में चली गई। ऐसे में पेंशन की आधी धनराशि उसकी पत्नी महीन कला को मिलना चाहिए। लेकिन महिला ने काफी दौड़ भाग लगाई। लेकिन उसे अब तक पेंशन नहीं मिल सका है।
महिला अपने बेटा के साथ मंध्याचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड प्रधान कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगा रही है। लेकिन कार्यालय के बाबू कभी दो देश तो कभी दूसरे दिन आने की बात कहकर मामले को टाल रहे हैं। वृद्ध महिला पेंशन के लिए भटक रही है। शनिवार को महिला ने जिलाधिकारी डॉक्टर दिनेश चंद्र से अपनी व्यथा सुनाई। जिलाधिकारी ने बिजली विभाग के अधिशाषी अधिकारी को कार्यवाई के निर्देश दिए हैं।
दूसरे की मदद से न्याय के लिए चक्कर लगा रही महिला
नेपाली मूल की महिला काफी गरीब है। साथ ही उसकी उम्र भी 70 साल के आसपास पहुंच गई है। ऐसे में ओझल आंखों के सहारे वह न्याय के लिए भटकने को मजबूर है। अधिकारियों का दिल नहीं पसीज रहा है।
यह भी पढ़ें-ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कई विमान सेवाओं का किया उद्घाटन
