इटावा में 45 फीसदी तक बिजली चोरी, प्रशासन ने उठाया बड़ा कदम
इटावा। यूपी में पड़ रही भीषण गर्मी के बीच बिजली आपूर्ति को लेकर हाहाकार मचा हुआ है। वहीं, विद्युत विभाग के लिए बिजली चोरी के मामले एक बड़ी चुनौती साबित हो रहे है। इसी बीच प्रदेश के इटावा जिले में बिजली चोरी का चौंकाने वाला मामला समाने आया है। यहां पर 40-45 फीसदी तक बिजली …
इटावा। यूपी में पड़ रही भीषण गर्मी के बीच बिजली आपूर्ति को लेकर हाहाकार मचा हुआ है। वहीं, विद्युत विभाग के लिए बिजली चोरी के मामले एक बड़ी चुनौती साबित हो रहे है। इसी बीच प्रदेश के इटावा जिले में बिजली चोरी का चौंकाने वाला मामला समाने आया है। यहां पर 40-45 फीसदी तक बिजली चोरी हो रही है, जिसके चलते विद्युत विभाग के अधिकारी काफी परेशान हैं। साथ ही अधिकारियों ने लोगों से बिजली चोरी न करने की अपील की है।
प्रतिदिन 30-40 लोगों के खिलाफ मुकदमें
बिजली चोरी के मामले बढ़ते ही चेकिंग के लिए विद्युत विभाग टीमें लगातार छापेमारी कर रही है। जिले में बिजली चोरी के मामले में प्रतिदिन 30-35 लोगों के खिलाफ बिजली चोरी के मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। इस मामले में एसडीओ कुलदीप कुमार का कहना है कि हमारा उद्देश्य लोगों को परेशान करना नहीं है। लेकिन जहां बिजली की खपत के बड़े संसाधन कूलर, रेफ्रिजरेटर और एयर कंडीशनर हैं। जिन्हें चोरी से चलाया जा रहा है। वहां पर चेकिंग कराई जा रही है और बिजली चोरी पकड़े जाने पर मुकदमा दर्ज कर भारी जुर्माना वसूला जा रहा है।
वहीं, इस मामले में अधीक्षण अभियंता एस अग्रवाल का कहना है कि जनपद में बड़े पैमाने पर बिजली चोरी हो रही है। शहर का लाइन लॉस 40 प्रतिशत और जनपद भर का लाइन लॉस 45 प्रतिशत तक पहुंच गया। जो बहुत ज्यादा है। उपभोक्ताओं से अपील करते हुए उन्होंने कहा कि बिजली की चोरी न करें और समय से बिल जमा करें।
चेकिंग के लिए बना बिजली थाना
इटावा के शहरी क्षेत्र में बिजली चोरी 40 प्रतिशत तक तो पूरे जनपद में 45 प्रतिशत तक लाइन लॉस पहुंच चुका है। उसका प्रमुख कारण बिजली की ज्यादा मांग और मांग के अनुरुप उपभोग की गई बिजली का पैसा विभाग को न मिलना लाइन लॉस कहलाता है। जिससे पता लगता है कि बिजली कहां कितनी चौरी हो रही हैं। बिजली चोरी रोकने और चोरी करने वालो पर मुकदमा दर्ज करने के लिए के लिए इटावा के इकदिल में अलग से एक बिजली थाना बनाया गया है।
