बहराइच: आत्महत्या करने वाले युवक को मिला इंसाफ, पत्नी समेत तीन को पांच साल की सजा

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बहराइच। बौंडी थाना क्षेत्र निवासी एक युवक वर्ष 2006 में अपनी पत्नी को विदा कराने ससुराल गया था। ससुराल के लोगों से उत्प्रेषित होकर युवक ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली थी। उस मामले में शनिवार को कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए मृतक की पत्नी और सास समेत तीन लोगों को पांच पांच साल की …

बहराइच। बौंडी थाना क्षेत्र निवासी एक युवक वर्ष 2006 में अपनी पत्नी को विदा कराने ससुराल गया था। ससुराल के लोगों से उत्प्रेषित होकर युवक ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली थी। उस मामले में शनिवार को कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए मृतक की पत्नी और सास समेत तीन लोगों को पांच पांच साल की सजा सुनाई है। अर्थदंड भी लगाया है।

सहायक शासकीय अधिवक्ता सुनील कुमार जायसवाल ने बताया कि जनपद बहराइच में चतुर्थ अपर जिला जज की अदालत ने साल 2006 में पति को आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने के मामले में आरोपी पत्नी सहित मृतक की सास व साले को पांच साल कारावास की सजा सुनाई है। बता दें कि 4 नवम्बर 2006 को गोरखनाथ बेटा सुरेश अपनी पत्नी को बिदा कराने अपनी ससुराल बौंडी क्षेत्र में गया था।

जहां उसकी ससुरालियों से कहासुनी हो गयी। जिसके बाद उसके ससुर रामनाथ पत्नी आशा देवी, साला प्रेमचंद, व सास श्याम प्यारी से विवाद हो गया और ससुरालियों ने अपशब्द कहते हुए पत्नी आशा देवी को विदा करने से इंकार कर दिया। इसके बाद गोरखनाथ का शव 6 नवम्बर 2006 को उसके साले के खेत में बरामद हुआ था।

जिसके हाथ पैर के नाखून नीले मृतक के पिता के मुताबिक पत्नी की विदाई न होने के कारण उसने जहरीला पदार्थ खा लिया था। मृतक के पिता सुरेश की तहरीर पर बहराइच जनपद के थाना बौंडी में सभी चारों आरोपियों के विरुद्ध एफ.आई.आर. दर्ज हुई और मामले का विचारण शुरू हुआ।

इस मामले में लगभग 16 साल तक चले लंबे ट्रायल के बाद आरोपी पत्नी आशा देवी,सास श्याम प्यारी व साला प्रेमचंद को चतुर्थ अपर जनपद न्यायाधीश शमनोज कुमार मिश्रा ने दोषी करार देते हुए पांच 5 साल के कारावास व 5-5 हजार रुपए अर्थ दंड की सजा सुनाई है। वहीं ट्रायल के दौरान आरोपी ससुर रामनाथ की मृत्यु हो जाने के कारण उनके खिलाफ मुकदमा उपश्मित कर दिया गया।

पढ़ें-बाराबंकी: दो युवकों ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, जांच में जुटी पुलिस

संबंधित समाचार