शाहजहांपुर: चौकी इंचार्ज के अड़ियल रवैये से गुस्साए निवर्तमान सपा जिलाध्यक्ष, धरने पर बैठे

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अमृत विचार, शाहजहांपुर। नगर निगम के पास बोलेरो चालक को खरी खोटी सुनाकर जेल भेजने की जिद पर अड़े सदर बाजार चौकी इंचार्ज मनोज कुमार ने सपा के निवर्तमान जिलाध्यक्ष तनवीर खां के हस्तक्षेप करने पर भी नहीं माने और उनसे भी भिड़ गए। दरोगा के अड़ियल रवैये से गुस्साकर निवर्तमान जिलाध्यक्ष अपने समर्थकों के …

अमृत विचार, शाहजहांपुर। नगर निगम के पास बोलेरो चालक को खरी खोटी सुनाकर जेल भेजने की जिद पर अड़े सदर बाजार चौकी इंचार्ज मनोज कुमार ने सपा के निवर्तमान जिलाध्यक्ष तनवीर खां के हस्तक्षेप करने पर भी नहीं माने और उनसे भी भिड़ गए। दरोगा के अड़ियल रवैये से गुस्साकर निवर्तमान जिलाध्यक्ष अपने समर्थकों के साथ चौराहे पर ही धरने पर बैठ गए। यह खबर फैली तो तमाम सपा कार्यकर्ता एकत्र होने लगे। मिनटों में जाम लग गया। सूचना वायरलेस पर प्रसारित हुई तो आनन फानन पहुंचे सीओ और इंस्पेक्टर ने तनवीर खां को समझाबुझाकर शांत किया। तब जाकर करीब 35 मिनट बाद जाम खुल सका।

दरअसल, पीलीभीत जिले के नंबर वाली एक बोलेरो कार नगर निगम के पास त्रिमूर्ति तिराहे होते हुए रोडवेज की ओर जा रही थी। तभी एक चाट का ठेला सामने आया गया, जिसे बचाने के चक्कर में एक कांस्टेबल की बाइक से उसकी कार हल्की छू गई। इस पर कांस्टेबल ने उसे रोककर अपने साथी पुलिस वालों को बुला लिया। सूचना पर पहुंचे सदर चौकी इंचार्ज मनोज कुमार बोलेरो चालक व उसमें सवार लोगों को हड़काने लगे और कहा कि थाने चलो। यह नजारा देख रहे निवर्तमान सपा जिलाध्यक्ष तनवीर खां मौके पर पहुंचे और मामला शांत कराने की कोशिश की।

उनका कहना था कि इतना बड़ी बात नहीं है। दूसरे जिले की कार है। सुलह समझौता कर उसे जाने दो। लेकिन चौकी इंचार्ज ने अड़ियल रूख अपनाते हुए उनसे भी अभद्रता शुरू कर दी और जेल में बंद करने की भी धमकी दे डाली। इससे गुस्साए निवर्तमान जिलाध्यक्ष अपने समर्थकों के साथ चौराहे पर ही यह कहते हुए धरने पर बैठ गए कि सबको जेल भेज दो। सड़क पर धरना शुरू होते ही पुलिस के हाथपांव फूल गए और आनन-फानन में सीओ मौके पर पहुंचे और मामला शांत कराया।

निर्वतमान सपा जिलाध्यक्ष ने बताया कि बाद में चौकी इंचार्ज का रवैया काफी खराब था, इस वजह से मजबूरन धरने पर बैठना पड़ा। बाद में सीओ ने मौके पर पहुंचकर मामला शांत कराया। कोतवाल ने दरोगा की ओर से माफी मांगी और कहा कि वह चौकी इंचार्ज ट्रेनी है, उसे समझा दिया गया है। कहा कि एसपी से भी वार्ता होने के बाद मामले में समझौत हो गया। इधर, यातायात सुचारु रूप से शुरू होने के बाद पुलिस कर्मियों ने राहत की सांस ली।

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