बहराइच: बादल शाह की मजार को पुलिस और प्रशासन ने हटवाया, हाई कोर्ट के आदेश पर हुई कार्यवाई
बहराइच। वन ग्राम बिछिया में स्थापित बादल शाह उर्फ हुजूर बाबा के नजर को शनिवार को पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में हटा दिया। मजार के अस्थि को चार किलोमीटर दूर दूसरे गांव में दफना दिया गया। इस दौरान भारी पुलिस बल तैनात रही। प्रशासन द्वारा यह कार्यवाई कोर्ट के आदेश पर की गई …
बहराइच। वन ग्राम बिछिया में स्थापित बादल शाह उर्फ हुजूर बाबा के नजर को शनिवार को पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में हटा दिया। मजार के अस्थि को चार किलोमीटर दूर दूसरे गांव में दफना दिया गया। इस दौरान भारी पुलिस बल तैनात रही। प्रशासन द्वारा यह कार्यवाई कोर्ट के आदेश पर की गई है।
कतर्नियाघाट जंगल के वन ग्राम बिछिया में वर्ष 1977 में मुस्लिम समुदाय के संत बाबा बादल साह उर्फ बाबा हुजूर ने बिछिया में एक कुटी बनाकर रहना शुरू किया था। उनके अनुयायी प्रदेश के कोने कोने से आने लगे और यह कुटी लोगो की आस्था व विश्वास का केंद्र बन गयी। छह दिसंबर 2016 को बाबा हुजूर ने अपने प्राण त्याग दिए थे। दूसरे दिन हजारों की भीड़ ने बाबा हुजूर को उसी स्थान पर दफन कर दिया।
जिस पर वन विभाग ने थाना सुजौली में 23 लोगो को नामजद करते हुए हजारो अन्य पर मुकदमा करा दिया था। बाबा के मानने वाले एक गुट विशेष के अब्बास ने हाई कोर्ट में रिट दायर किया कि वह बाबा हुजूर के अस्थि पंजर को यहाँ से शिफ्ट कराते हुए वन भूमि से निकालकर कहीं अनुयंत्र ले जाना चाहता है। जिसके उपरांत हाई कोर्ट ने आदेश पारित किया कि यदि सरकारी भूमि को खाली कराया जा रहा है तो यह उचित है।
हाई कोर्ट के आदेश पर एडीएम मनोज कुमार, एडिशनल एसपी अशोक कुमार, सीओ मिहीपूरवा केपी सिंह, एसडीएम ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी, डीएफओ कतर्नियाघाट आकाश दीप बधावन के साथ भारी संख्या में पुलिस व पीएससी व वन विभाग की टीम ने बाबा को मजार को खुदवाकर उनके अस्थि पंजर को वादी अब्बास के हवाले कर दिया। क्षेत्र वासियों के आस्था व विश्वाश को देखते हुए प्रशासन ने उन्हें पड़ोस के बिछिया से चार किलोमीटर दूर आम्बा के कब्रिस्तान में दफन करा दिया।
एक वर्ष हो चुके थे विफल
वन ग्राम बिछिया में स्थापित बाबा हुजूर की मजार को प्रशासन ने एक वर्ष पूर्व हटाने का प्रयास किया था, लेकिन भारी भीड़ और विरोध के चलते मजार को नहीं हटाया जा सका था। लेकिन आज पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मजार को हटवा दिया।
मुकदमा हटाने की मांग
बिछिया में रह रहे बाबा हुजूर के शरीर को दफनाने के विरोध में 23 लोगों पर मुकदमा दर्ज हुआ था। अब मजार भी हट गया है। ऐसे में पीड़ित लोगों मुकदमा वापस लेने की मांग की है।
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