Kanpur: लड़कियों में बढ़ रहा क्रिकेट का क्रेज, BCCI की बोर्ड ट्रॉफी के साथ आईसीसी टूर्नामेंट में बिखेरा जलवा
लड़कियों में क्रिकेट का क्रेज बढ़ रहा।
लड़कियों में क्रिकेट का क्रेज बढ़ रहा। वर्ष 2022 से लगातार बीसीसीआई की बोर्ड ट्रॉफी के साथ-साथ आईसीसी टूर्नामेंट में जलवा बिखेरा।
कानपुर, अमृत विचार। महिला विश्वकप 2022 में भले ही भारतीय महिला टीम फाइनल में कप नहीं उठा सकी हो, लेकिन उन्होंने देश व शहर की लड़कियों में क्रिकेट के क्रेज को बढ़ा दिया। कानपुर में भी वर्तमान में महिला क्रिकेट विकास की ओर है। ताजा उदाहरण है शहर में रहकर अभ्यास करने वाली अर्चना देवी। जिसने आईसीसी के अंडर-19 महिला विश्वकप के फाइनल में बेहतरीन कैंच के साथ विकेट भी अपने नाम कर शहर का नाम रोशन किया था।
ग्रीनपार्क स्टेडियम होने के कारण शहर में क्रिकेट का क्रेज हमेशा से ही अपने चरम पर रहा है। लेकिन वर्तमान में महिला क्रिकेट में भी काफी तेजी देखने को मिली है। वर्तमान में शहर की अलग-अलग एकेडमी में लड़कियां अभ्यास ही नहीं प्राप्त कर रही हैं, बल्कि लड़कों की लीग में उनके साथ मैच भी खेलकर अपने हुनर को लगातार निखर रहीं हैं। अब लीग मैच ही नहीं शहर की लड़कियां बोर्ड ट्रॉफी के मुकाबलों के साथ-साथ आईसीसी के टूर्नामेंट में भी अपना जलवा बिखेर रहीं है।
2017 के बाद से आया है शहर के महिला क्रिकेट में बूम
केसीए के दिनेश कटियार बताते हैं कि शहर के महिला क्रिकेट की बात करें तो वर्ष 2014 में केसीए में 10 लड़कियां भी नहीं थी। लेकिन 2017 के विश्वकप के बाद से इसमें लगातार तेजी आई है। वर्ष 2022 में लड़कियों की संख्या 50 से ऊपर हो गई और वर्तमान में केसीए से अभ्यास और मैच खेलने वाली लड़कियों की संख्या 73 है।
बोर्ड ट्रॉफी में लगातार बढ़ रहा है शहर की लड़कियों का जलवा
शहर से सीनियर टूर्नामेंट में वर्तमान में बैटर के तौर पर एकता सिंह, नीशू चौधरी, तृप्ती सिंह शामिल हैं। वहीं अंडर-19 बैटर के तौर पर वर्षा शर्मा, तेज गेंदबाज के तौर पर गारिमा यादव व क्षमा सिंह हैं, तो बतौर स्पिनर गेंदबाज के रूप में अंडर-19 विश्वकप विजेता टीम की सदस्य अर्चना देवी व सिद्दी सिंह हैं। जबकि अंडर-15 बोर्ड ट्रॉफी में विकेटकीपर अवनी सेठ, बैटर शिवी सिंह, गेंदबाज नंदिन्नी सिंह व सिद्दी मिश्रा शामिल हैं।
शहर की लगातार लड़कियां बोर्ड ट्रॉफी के मैचों में बेहतरीन प्रदर्शन कर रहीं हैं। इससे शहर में लड़कियां का क्रिकेट विकास की ओर है।- मो. फहीम, उपाध्यक्ष यूपीसीए
