अयोध्या में नए चेहरों ने रोकी तिलक हाल में दिग्गजों की एंट्री, जनमत के आगे भाजपा-सपा के दिग्गज हारे
अयोध्या, अमृत विचार। नगर निकाय चुनाव में मतगणना और परिणाम की घोषणा के बाद तिलक हाल नवनिर्वाचित महापौर और पार्षदों के स्वागत के लिए तैयार है, लेकिन इस बार भाजपा और सपा के कई दिग्गज हाल में अपनी इंट्री कराने में सफल नहीं हो पाए हैं। ताज्जुब की बात यह है कि दिग्गजों की तिलक हाल में एंट्री अमूमन किसी मजबूत सियासी दल के प्रत्याशी नहीं बल्कि राजनीति में आये नए चेहरों ने रोकी है।
नगर निगम के गठन के पूर्व फ़ैजाबाद नगर पालिका में चार बार बतौर सभासद तिलक हाल में अपनी कुर्सी बरकरार रखने वाली भारतीय जनता पार्टी की अशोका द्विवेदी वर्ष 2017 में नगर निगम बनने पर पार्षद का चुनाव जीत पांचवीं बार तिलक हाल पहुंचने में कामयाब रही थीं। राममंदिर आंदोलन के दौरान वर्ष अशोका ने पहला चुनाव 1991 में बहादुरगंज वार्ड से लड़ा था और सपा से पांचवी बार तिलक हाल पहुंचने वाले रामभवन यादव को परास्त किया था। उसके बाद अशोका द्विवेदी ने अवधपुरी कालोनी वार्ड से ताल ठोंकना शुरू किया तो इस वार्ड को अपना मजबूत सियासी गढ़ बना लिया। वहीं बहादुरगंज वार्ड पर सपा के रामभवन का सिक्का चलने लगा।
इस बार के नगर निगम चुनाव में भाजपा की अशोका द्विवेदी को अवधपुरी कालोनी के ही एक युवा सौरभ सिंह सूर्यवंशी ने बिना किसी सियासी दल का सहारा लिए निर्दलीय मैदान में उतर 431 मतों से पराजय का स्वाद चखा दिया और अशोका की निगम के तिलक हाल में छठवीं बार इंट्री रोक दी। शहरी निकाय चुनाव में भाजपा का चर्चित चेहरा और दो बार सभासद तथा एक बार पार्षद का चुनाव जीत तिलक हाल में अपनी कुर्सी बरकरार रखने वाले मुरारी यादव को कल्याण सिंह वार्ड में रालोद के सूर्य कुमार तिवारी सूर्या ने पटखनी ही नहीं दी, बल्कि रालोद का खाता भी खोला और मुरारी की तिलक हाल में एंट्री रोक दी।
उधर सपाई दिग्गजों में पार्टी का चर्चित चेहरा रहे टेढ़ी बाजार निवासी हाजी असद अहमद तीन बार अयोध्या नगर पालिका में सभासद पद का चुनाव जीता तो वर्ष 2017 में अयोध्या नगर निगम में अपने सियासी वर्चस्व को बरकरार रखते हुए पार्षद पद का चुनाव जीत तिलक हाल में कुर्सी कब्जाने में सफल रहे। हालाँकि इस बार नामकरण के बाद वशिष्ठ कुंड हुए अपने वार्ड में उन्होंने अपनी पत्नी नुसरत को सपा से मैदान में उतारा,लेकिन उनके सियासी वर्चस्व को सियासत के नए चेहरे निर्दलीय प्रत्याशी रंजना यादव पत्नी अनिकेत ने चुनावी चौसर पर मात दे दी और हाजी परिवार की तिलक हाल में एंट्री रोक दी। वहीँ सपा से ही दो बार सभासद और एक बार पार्षद जीत नगर निगम के तिलक हाल में तीन कार्यकाल से कुर्सी बरकरार रखने वाली पूनम यादव को अमानीगंज वार्ड में भाजपा से मैदान में पहली बार उतरी नीलम यादव ने 113 मतों से परास्त कर दिया।
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