बरेली: स्नातक में पिछले साल के मुकाबले कम पंजीकरण
बरेली, अमृत विचार। महात्मा ज्योतिबा फुले (एमजेपी) रुहेलखंड विश्वविद्यालय के स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए 1,55,400 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया है। यह संख्या पिछले साल की तुलना में लगभग 10 हजार कम है। हालांकि शुल्क जमा करने से वंचित 11 हजार अभ्यर्थियों को अगर मौका मिलता है तो आवेदन संख्या गत वर्ष के …
बरेली, अमृत विचार। महात्मा ज्योतिबा फुले (एमजेपी) रुहेलखंड विश्वविद्यालय के स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए 1,55,400 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया है। यह संख्या पिछले साल की तुलना में लगभग 10 हजार कम है। हालांकि शुल्क जमा करने से वंचित 11 हजार अभ्यर्थियों को अगर मौका मिलता है तो आवेदन संख्या गत वर्ष के बराबर पहुंच जाएगी।
बहरहाल, छात्रों के पास कॉलेजों में आवेदन की अंतिम तिथि एक सितंबर है। बरेली कॉलेज समेत राजकीय और एडेड कॉलेजों में ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया चल रही है। निजी कॉलेज भी ऑनलाइन प्रक्रिया को अपनाए हैं, मगर वे छात्रों से संपर्क साधकर कैंपस में ही उनके आवेदन की व्यवस्था बनाए हुए हैं।
इससे निजी कॉलेजों में छात्रों की संख्या अधिक है, इसके सापेक्ष राजकीय और एडेड कॉलेजों में भी गत वर्ष की तुलना में कम आवेदन हुए हैं। रुविवि के प्रवेश प्रभारी प्रोफेसर एसके पांडेय बताते हैं कि पंजीकरण शुल्क न जमा करने वाले छात्रों को अभी मौका मिलना मुश्किल हैं। पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद इस पर विचार किया जाएगा।
बरेली कॉलेज के आवेदन में गलतियां बरकरार
बरेली कॉलेज में करीब 7400 छात्रों ने प्रवेश के लिए आवेदन किया है। इसमें कई छात्रों के आवेदन में गलतियां सामने आ रही हैं। शनिवार को भी छात्रों को संदेश भेजा गया कि उन्होंने रुविवि पंजीकरण का पत्र अपलोड नहीं किया है, जिसे वाट्स-एप पर उपलब्ध कराएं। अन्यथा आवेदन निरस्त हो जाएगा। छात्रों का तर्क है कि वे आवेदन पत्र जमा कर चुके हैं। इस गड़बड़ी के कारण छात्रों को आवेदन निरस्त होने की भी चिंता सता रही है।
स्नातक के प्रवेश पंजीकरण की वेबसाइट बंद हो चुकी है। फीस जमा करने से वंचित छात्रों को मौका दिए जाने पर बाद में विचार किया जाएगा। फिलहाल पंजीकृत छात्र निर्धारित समयसीमा के अंदर कॉलेजों में आवेदन कर दें, क्योंकि दो सितंबर से एडमिशन शुरू हो जाएंगे। – प्रोफेसर एसके पांडेय, प्रवेश समन्वयक-एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय
