फर्जी नामांकन पर रोकः यू डायस में गुम हो गए 45000 छात्र छात्राएं, डाटा भरने में खुली पोल
इटावा में यू डायस में गुम हो गए 45000 छात्र छात्राएं।
इटावा में यू डायस में गुम हो गए 45000 छात्र छात्राएं। यू डाइस प्रपत्र में भरा डाटा तो पोल खुल गई। कहीं आधार नंबर गलत तो किसी बच्चे का दो-दो जगह नामांकन मिला।
इटावा, अमृत विचार। कक्षा एक से कक्षा 12 तक के छात्र छात्राओं का यू डाइस प्रपत्र पर नामांकन भरे जाने की प्रक्रिया के तहत फर्जी नामांकन पर अब रोक लगने लगी है । जिले में जब नामांकित बच्चों की फीडिंग हुई तो 45007 छात्र छात्राएं गुम हो गए। इन छात्र छात्राओं का डाटा अभी तक विद्यालयों ने प्रपत्र में नहीं भरा है। इसके अलावा अभी कई छात्र छात्राओं की आधार कार्ड की फीडिंग गलत हुई है। क्रास चैकिंग में अभी यह संख्या और बढ़ने की संभावना है।
सरकार की योजना के तहत यू डाइस प्रपत्र पर सभी छात्र छात्राओं का डाटा भरा जाना है। जिसमें उनके नाम और पता के साथ ही आधार नंबर भी दर्ज किया जाना है। यह यू डाइस प्रपत्र जब भरे गए तो उससे कई पोल खुली और जिले भर के 8 ब्लॉकों में कुल मिलाकर 45007 छात्र-छात्राएं इसमें दर्ज नहीं हो पाए। क्योंकि इससे पहले नामांकन के आधार पर जब उनका नामांकन कराया गया था तो या तो आधार नंबर गलत दर्ज किया गया था। फिर एक-एक छात्र छात्रा का नामांकन एक से अधिक स्थानों पर कर दिया गया था। जब आनलाइन डाटा भरा गया तब यह बात सामने आई।
भारत सरकार के निर्देश पर कक्षा एक से कक्षा 12 तक कक्षाओं में विभिन्न विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्र छात्राओं का डिटेल यू डाइस प्रपत्र पर भरा जाना है। खास बात यह है कि इसमें आधार नंबर भी भरा जाएगा। जिले में इन कक्षाओं में विभिन्न विद्यालयों में कुल मिलाकर 351844 छात्र-छात्राएं अध्ययन करते हैं। यह डाटा फीड किए जाने का काम लगभग 85 फीसदी पूरा हो चुका है और उसी काम में यह गड़बड़ी पाई गई है कि इन 351844 छात्र-छात्राओं में 45007 का डाटा गलत मिला और यह बच्चे कहीं पाए नहीं गए।
इनका नाम या तो दो स्थानों पर लिखा गया है या फिर इनका आधार नंबर गलत लिखा गया है यह बच्चे पढ़ने ही नहीं आते और विद्यालयों में इनका नाम लिख दिया गया है। इस संबंध में जिला समन्वयक मनोज धाकरे ने कहा है कि यू डायस प्रपत्र भरने का काम अभी जारी है इसे जल्दपूरा करने के लिए कहा गया है।
