Chitrakoot News : अनियमित बिजली आपूर्ति से गुस्साए लोगों ने लगाया जाम, बोले- पानी की भी होती किल्लत

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

चित्रकूट में बिजली कटौती से परेशान लोगों ने जाम लगाया।

चित्रकूट में बिजली कटौती से परेशान लोगों ने जाम लगाया। पुलिस के अधिकारियों के समझाने पर आक्रोशित लोगों ने जाम खोला। तब जाकर यातायात सामान्य हो सका।

चित्रकूट, अमृत विचार। अघोषित और अनियमित बिजली कटौती से आजिज आकर मंगलवार रात ग्रामीणों ने चौराहे पर जाम लगा दिया। ये लोग बिजली विभाग के अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए नारेबाजी कर रहे थे। बाद में प्रभारी निरीक्षक वहां पहुंचे और लोगों को समझाया, जिसके बाद जाम खुला और आवागमन सामान्य हो सका।

गौरतलब है कि पहाड़ी और आसपास के गांवों-मजरों की विद्युत आपूर्ति इस समय भगवान भरोसे चल रही है। बिजली कब आएगी, कब जाएगी कोई समय नहीं है। गांव वालों का कहना है कि जब कटौती के संबंध में जानकारी करनी हो तो किसी अधिकारी, कर्मचारी का नंबर नहीं लगता। अक्सर इनके मोबाइल स्विच आफ रहते हैं। आए दिन की कटौती से परेशान उपभोक्ताओं का मंगलवार को गुस्सा फूट पड़ा।

बिजली जाने पर रात करीब नौ बजे पहाड़ी के करीब एक सौ लोगों ने कर्वी-राजापुर मार्ग पर चौराहे पर जाम लगा दिया। इनकी मांग थी कि मौके पर विभागीय अधिकारी आएं और नियमित बिजली आपूर्ति का आश्वासन दें। करीब आधा घंटे के जाम से दोनों ओर वाहनों के पहिये थम गए।

जाम की सूचना पर प्रभारी निरीक्षक नागेंद्र कुमार नागर मौके पर पहुंचे और लोगों से बातचीत की। उन्होंने तत्काल बिजली विभाग के अधिकारियों से बात की और तब लगभग साढ़े नौ बजे जाम खुला। इसके बाद करीब ग्यारह बजे आपूर्ति चालू हुई।

कभी कोई बहाना तो कभी कोई

उपभोक्ताओं का कहना था कि जब कभी पावर हाउस जाओ तो रटा रटाया जवाब मिलता है कि तैंतीस हजार लाइन फाल्ट हो गई या फाल्ट नहीं मिल रहा या फिर मशीन फुंक गई। बताया कि लगभग एक महीने से अक्सर शाम के समय ही फाल्ट होता है और भीषण गर्मी में लोग परेशान होते हैं। शासकीय अधिवक्ता सुशील सिंह, ग्राम प्रधान रामनरेश, अनिल पाटकर, अरुण कुमार, छोटू यादव  आदि ने बताया कि इस संबंध में कई बार विभागीय लोगों को जानकारी दी गई पर कुछ नहीं हुआ।

पेयजलापूर्ति की भी होती है समस्या

लोगों ने बताया कि आयेदिन फाल्ट से सबसे बड़ी समस्या पानी की होती है। कस्बावासी बूंद बूंद पानी को तरस जाते हैं और मजबूरी में हैंडपंपों का खारा पानी पीना पड़ता है। आपूर्ति नियमित न होने से जल संस्थान की टंकी नहीं भर पाती।

बारिश न होने से समस्या- अधीक्षण अभियंता

अधीक्षण अभियंता बृजेश कुमार ने बताया कि बारिश न होने के से अत्यधिक ओवरलोड के चलते यह समस्या उत्पन्न हो रही है। बताया कि सभी अधिकारी कर्मचारी पावर हाउस में काम में जुटे हैं। शीघ्र ही समस्या से कस्बावासियों को छुटकारा मिलेगा।

जेई तो मेरा फोन भी नहीं उठाते

अवर अभियंता और कर्मचारियों के उपभोक्ताओं के फोन न उठाने की बात भी अधीक्षण अभियंता ने मानी। जब उनसे पहाड़ी के जेई के मोबाइल स्विच ऑफ रखे जाने के संबंध में बात की गई तो उनका कहना था कि यह बात सही है। उनका फ़ोन भी समय से नहीं उठाते। उन्होंने कहा कि पहले बिजली आपूर्ति चालू हो फिर जेई के संबंध में सोचेंगे।

संबंधित समाचार