Kanpur Suicide: कारोबारी ने फांसी लगाकर जीवनलीला की समाप्त... प्लाईवुड के कारोबार में घाटे से अवसाद में था
कानपुर में अवसाद में आकर कारोबारी ने फांसी लगाकर जान दे दी।
कानपुर के जाजमऊ थानाक्षेत्र के जेके कॉलोनी में कारोबारी ने अवसाद में आकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।घटना से परिजनों में कोहराम मच गया। पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मामले की जांच की।
कानपुर, अमृत विचार। जाजमऊ थानाक्षेत्र में प्लाईवुड के कारोबार में हुए लाखों के घाटे के कारण अवसाद में चल रहे कारोबारी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों ने रस्सी के सहारे फांसी के फंदे पर लटकता शव देखा तो चीख निकल पड़ी। जिसके बाद पुलिस को घटना की जानकारी दी गई। सूचना पर पहुंची पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मामले की जांच की।
जेके कालोनी निवासी 49 वर्षीय संजीव कुमार शर्मा का कुछ समय पहले फ्लाईवुड का बड़ा कारोबार था। लेकिन कोरोना के बाद उनका 25 से 30 लाख रुपये का नुकसान हो गया था। इस कारण वह काफी अवसाद में रहने लगे थे। परिवार की आर्थिक स्थिति बिगड़ी तो वह एक बड़ी फ्लाईवुड कंपनी में काम करने लगे।
परिजनों ने बताया कि उनके पिता रज्जनलाल शर्मा एयरफोर्स से सेवानिवृत्त हैं। परिजनों ने बताया कि सोमवार को सभी लोग घर में खाना खा कर सो गए थे। इसी दौरान देर रात उन्होंने दूसरे कमरे में नायलॉन की रस्सी से फांसी लगा ली। मंगलवार सुबह जब पत्नी सोनू उठीं और कमरे में ढूंढने लगी तो उनका शव दूसरे कमरे में फांसी के फंदे से लटका हुआ था।
जिसके बाद परिजनों में कोहराम मच गया। पिता की मौत के बाद उनकी बड़ी बेटी पीएसआईटी से बीटेक फाइनल ईयर कर रही जान्हवी शर्मा और छोटी बेटी मानवी का रो-रोकर बुरा हाल था। घटना की सूचना पर पुलिस और फोरेंसिक टीम ने परिजनों से पूछताछ कर साक्ष्य एकत्रित किए।
इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। परिजनों ने पुलिस को बताया था कि उनका परिवार आर्थिक रूप से सक्षम है। लेकिन घाटे को सोच-सोचकर संजीव अवसाद में रहने लगा था।
कैरियर को देखते हुए पेपर देने गई बड़ी बेटी
परिजनों ने बताया कि मंगलवार को बड़ी बेटी जान्हवी का पीएसआईटी में पेपर था। लेकिन पिता की मौत के बाद परिवार पूरी तरह से टूट गया। परिजनों के लाख कहने के बाद वह पेपर देने के लिए गई। कहना था कि एक पेपर छूटने पर पूरा साल बर्बाद हो जाएगा।
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