बरेली: देश-विदेश के अकीदतमंद घरों में रहकर मनाएं उर्स
बरेली,अमृत विचार। आला हजरत के तीन रोजा उर्स-ए-रजवी का आगाज 12 अक्टूबर से हो रहा है। उर्स के सभी कार्यक्रम कोरोना गाइडलाइन का अनुपालन करते हुए इस्लामियां इंटर कॉलेज के मैदान में आयोजित किए जाएंगे। उर्स की सभी रस्में दरगाह प्रमुख मौलाना सुब्हान रजा खान (सुब्हानी मियां) की सरपरस्ती व सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी …
बरेली,अमृत विचार। आला हजरत के तीन रोजा उर्स-ए-रजवी का आगाज 12 अक्टूबर से हो रहा है। उर्स के सभी कार्यक्रम कोरोना गाइडलाइन का अनुपालन करते हुए इस्लामियां इंटर कॉलेज के मैदान में आयोजित किए जाएंगे। उर्स की सभी रस्में दरगाह प्रमुख मौलाना सुब्हान रजा खान (सुब्हानी मियां) की सरपरस्ती व सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी (अहसन मियां) की सदारत में होगी जिसमें खानकाहों के सज्जादागान, उलेमा, मशाइख व टीटीएस के वालंटियर्स जिन्हें दरगाह की ओर से पास जारी किया जाएगा, वही लोग शामिल होंगे। बिना पास वाले किसी भी व्यक्ति को उर्स के मैदान में प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
दरगाह प्रमुख सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां ने देश-विदेश के सभी मुरीद व अकीदतमंद से अपील की है कि सभी लोग अपने देश, प्रदेश, जिलों, शहर, गांवों, कस्बों में घरों पर रहकर उर्स-ए-रजवी मनाएं। तीन रोजा उर्स में जिले के जायरीन समेत अन्य प्रदेश और जिले के लोग चादरों के जुलूस लेकर दरगाह पर चादरपोशी करने आते हैं। इस बार कोरोना महामारी के चलते वह लोग दरगाह पर जुलूस की शक्ल में न आएं, जिनको चादर या फूल पेश करने हों वे एक-दो लोग के साथ आकर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए चादरपोशी करें।
दरगाह से जुड़े नासिर कुरैशी ने बताया कि हर साल की तरह इस साल भी उर्स का ऑडियो लाइव www.aalahazrat.in व www.ala-hazrat.com पर होगा। उर्स में शिरकत न करने वाले जायरीन घरों पर रहकर ही उर्स के सभी प्रोग्राम लाइव सुन सकते हैं। इस मौके पर मुफ्ती सलीम नूरी, मुफ्ती कफील हाशमी, मौलाना बशीर कादरी, हाजी जावेद खान, शाहिद नूरी, औरंगजेब नूरी, अजमल नूरी, परवेज नूरी, ताहिर अल्वी, तारिक सईद, शान रजा, मंजूर खान समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
