बरेली: 2010 के दंगा मुकदमे की फाइल ट्रांसफर अर्जी पर हुई सुनवाई , 21 को फैसला...जानिए मामला

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Edited By Amrit Vichar
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बरेली, अमृत विचार: वर्ष 2010 दंगा मुकदमे की फाइल ट्रांसफर कराने की अर्जी पर सोमवार को जिला जज विनोद कुमार की अदालत में सुनवाई हुई। दोनों पक्षों की ओर से लगभग दो घंटे की बहस की गई। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनकर निर्णय के लिए 21 मार्च की तिथि नियत की है।

शाहरूख खान की ओर से लखनऊ से आए उच्च न्यायालय के अधिवक्ता आशीष कुमार सिंह और काशिफ रजा ने बहस की। उन्होंने तर्क दिया कि 5 मार्च के आदेश में न्यायाधीश ने ज्ञानवापी मामले में सुनवाई के दौरान मुस्लिम संगठन द्वारा धमकी भरा पत्र भेज जाने की बात कही है, स्पेशल जज फास्ट ट्रैक की अदालत से निष्पक्ष न्याय न मिल पाने की आशंका व्यक्त की गयी। 

वहीं डीजीसी क्राइम सुनीति कुमार पाठक ने अर्जी का विरोध करते हुए तर्क दिया कि अदालत ने किसी भी आदेश में धर्म विशेष पर कोई टिप्पणी नहीं की है। न्यायिक प्रक्रिया का पूर्णतया पालन किया गया है। चूंकि मामला वर्ष 2010 से विचाराधीन है और ट्रायल कोर्ट फास्ट ट्रैक है इसलिए केस का तेजी से निपटारा किया जा रहा है और ट्रांसफर अर्जी निराधार है। 

बता दें कि जिला जज की अदालत में ट्रांसफर अर्जी थाना प्रेमनगर के कोहाड़ापीर निवासी आरोपी शाहरूख खान की ओर से दी गयी है। इस मामले में कोर्ट ने दंगे का मास्टरमाइंड मौलाना तौकीर को मानते हुए गैर जमानती वारंट जारी किया है। ट्रायल कोर्ट में मामले पर आज मंगलवार को सुनवाई होनी है।

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