अग्निकांड : गैस रीफिलिंग में फायर एक्सटिंग्विशर फटने से युवक की मौत
कबाड़ से झोपड़ियों में लगी आग, आठ लोगों की बचाई जान
अमृत विचार, काकोरी/ लखनऊ। तालकटोरा थाना अंतर्गत डी-ब्लॉक राजाजीपुरम में बुधवार को गैस रिफिलिंग के दौरान तेज धमाके की आवाज में फायर एक्सटिग्विंशर फट गया। इसकी जद में आने से हर्षित यादव (32) की मौत हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को हादसे की जानकारी देते हुए शव को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया है। प्रथम दृष्टया में सामने आया कि किराए के घर में अवैध तरीके से बनाए गोदाम में गैस रिफलिंग की जाती थी। जहां पर बिना सेफ्टी के स्टाफ से गैस भरवाई जा रही थी। हालांकि, इस हादसे के बाद गोदाम मालिक फरार है। उसकी तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। इसके अलावा शहर के अन्य क्षेत्रों में अग्निकांड की घटनाएं हुई है। इन घटनाओं में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है।
प्रभारी निरीक्षक के मुताबिक मड़ियांव कोतवाली अंतर्गत फैजुल्लागंज निवासी हर्षित यादव डी ब्लॉक राजाजीपुरम में केएस सेफ्टी प्राइवेट लिमिटेड के गोदाम में नौकरी करता था। इस गोदाम में गैस रिफलिंग का कार्य होता था। बुधवार शाम करीब पांच बजे तेज धमाके की आवाज से फायर एक्सटिंग्विशर फट गया। इसकी जद में आने से हर्षित गंभीर रुप से जख्मी हो गया। तत्काल उसे निजी अस्पताल में पहुंचाया गया लेकिन हालत नाजुक होता देख डॉक्टरों ने उसे केजीएमयू के ट्रामा सेंटर में रेफर कर दिया। जहां इलाज के दौरान हर्षित ने दम तोड़ दिया।
भाई जानेंद्र यादव ने गोदाम मालिक पर अवैध रिफलिंग कराने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि गोदाम में कंपनी में सुरक्षा मानकों की अनदेखी कर एक्सपायरी सिलेंडरों में गैस रिफलिंग की जाती है। इसके बाद सिलेंउर को बाजार में बेचा जाता है। उनका आरोप है कि बुधवार को हर्षित गोदाम नहीं जाना चाह रहा था, लेकिन गोदाम मालिक ने दबाव डालकर उसे काम पर बुलाया था। एसीपी बाजारखाला ने बताया कि गोदाम की प्रारम्भिक जांच कराई गई है। सुरक्षा मानको को लेकर दमकल विभाग का भी सहयोग लिया जाएगा। फिलहाल, फरार गोदाम मालिक की तलाश में पु़लिस टीम में दबिश दे रही हैं।
कबाड़ से झोपड़ियों में लगी आग, आठ लोगों की बचाई जान
गोमतीनगर थाना अंतर्गत सहारा अस्पताल के पीछे गुरुवार सुबह संदिग्ध हालात में 70 से ज्यादा झोपड़ियों में आग लग गई। आग की लपट और धुआं निकलता देख झुग्गियों में रहने वाले लोगों ने बाहर भागकर अपनी जान बचाई। इसके अलावा, पारा थाना के नरपत खेड़ा देवपुर के खानापारा की लकड़ी की फैक्ट्री में आग लग गई। इस अग्निकांड में फैक्ट्री में रखा फर्नीचर जलकर नष्ट हो गया।
सीएफओ (मुख्य शमन अधिकारी) मंगेश कुमार के मुताबिक, सुबह करीब 10:30 बजे दमकल विभाग के कंट्रोल रूम पर सहारा अस्पताल के पास बनी मलिन बस्ती में आग लगने की सूचना मिली थी। इसके बाद गोमतीनगर फायर स्टेशन से दमकल की गाड़ियां घटनास्थल के लिए रवाना की गई। एफएसओ गोमतीनगर ने बताया कि मौके पर पहुंचे दमकल कर्मियों ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से बस्ती में रहने वाले लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। करीब 20 मिनट में दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पा लिया है। इस अग्निकांड में आठ झोपड़ियां जलकर नष्ट हो गई। फिलहाल, आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
वहीं, पारा थाना अंतर्गत खानापारा में सुबह करीब तीन बजे फर्नीचर गोदाम में अचानक आग लग गई। सूचना मिलते ही आलमबाग, चौक और सरोजनीनगर फायर स्टेशन से दमकल की एक-एक गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंची। इसके बाद दमकलकर्मी राहत कार्य में जुट गए। करीब दो घंटे बाद दमकल कर्मियों ने आग पर काबू पाया है। एफएसओ आलमबाग ने बताया कि संजय शर्मा के मकान में बने बेसमेंट में मो.इरफान ने किराए पर फर्नीचर को गोदाम खोला था।
