मुरादाबाद: पिता-पुत्री की हत्या में हो सकता है किसी अपने का हाथ
मुरादाबाद,अमृत विचार। कहते हैं कि हर हत्या की कोई न कोई वजह होती है, मगर कुछ वारदातें ऐसी भी हो जाती हैं, जिनकी पहले सुलझाने में खुद पुलिस उलझ जाती है। नागफनी थाना क्षेत्र में हुए दोहरे हत्याकांड ने भी पुलिस को पशोपेश में डाल दिया है। हत्याकांड की सूचना मिलने पर क्षेत्र में सनसनी …
मुरादाबाद,अमृत विचार। कहते हैं कि हर हत्या की कोई न कोई वजह होती है, मगर कुछ वारदातें ऐसी भी हो जाती हैं, जिनकी पहले सुलझाने में खुद पुलिस उलझ जाती है। नागफनी थाना क्षेत्र में हुए दोहरे हत्याकांड ने भी पुलिस को पशोपेश में डाल दिया है। हत्याकांड की सूचना मिलने पर क्षेत्र में सनसनी फैल गई। एसएसपी समेत एक्सपर्ट की टीम मौके पर पहुंच गई। करीब एक घंटे तक क्राइम सीन का निरीक्षण करने के बाद पुलिस को कोई ठोस क्लू नहीं मिला।
पूछताछ में परिजन किसी भी रंजिश से इंकार कर रहे हैं। मोहल्ले वाले भी परिजनों के बयानों को तवज्जों दे रहे हैं। वहीं प्रापर्टी विवाद भी पुलिस की जांच में सटीक नहीं बैठ रहा है, क्योंकि नजारत के पास इतनी प्रापर्टी नहीं थी कि जिसकी वजह से दोहरे हत्याकांड को अंजाम दिया जाए। वहीं पुलिस लूट के बिंदु पर जांच तो कर रही है लेकिन जिस निर्मम तरीके से दोनों की हत्या की गई है वह तरीका इस बिंदु पर भी सवाल उठा रहा है। अफसरों का मानना है कि पुलिस को गुमराह करने के लिए सामान को उथल-पुथल किया गया है।
पुलिस का यह भी कहना है कि इस मामले में अपनों का ही हाथ हो सकता है। फिलहाल सभी कोण से जांच की जा रही है। दोहरे हत्याकांड की सूचना पर एसएसपी प्रभाकर चौधरी व एसपी सिटी अमित आनंद फारेंसिक व डाग स्क्वायड की टीम मौके पर पहुंच गई। नजारत हुसैन व उसकी बेटी सिमरन के रक्तरंजित शव जमीन पर पड़े थे और कमरे का सामान फैला हुआ था। पूरा कमरे में खून ही खून था। जबकि आंगन में खून से सने पैरों के निशान थे। दावा किया जा रहा है कि यह पैर के निशान मृतक सिमरन के हैं। क्लू की तलाश में कमरे में डाग स्क्वायड को ले जाया गया लेकिन वह भी केवल आंगन में चक्कर काटता रहा। पुलिस को मौके से कोई मोबाइल भी बरामद नहीं हुआ।
पुलिस की जांच भटकाने को फैलाया गया सामान
सूत्रों की मानें तो मौका-मुआयना करने के बाद यह तो तय हो गया कि हमलावर का इरादा केवल हत्या का था। लूट तो केवल पुलिस की जांच भटकाने के लिए हुई। इसके बाद सुराग की तलाश में एसएसपी ने मृतक के बड़े भाई असलम हुसैन से पूछताछ की तो उन्होंने किसी भी रंजिश या प्रापर्टी के विवाद से इंकार कर दिया। असलम का कहना था कि वह चार भाई थे। नजारत दूसरे नंबर का था, सभी भाई अपना-अपना कारोबार करते हैं और अलग रहते हैं। नजारत की केवल चार बेटियां थी, तीन बेटी शबनम, शाहनवाज और माहीन का निकाह हो चुका है।
अविवाहित होने के कारण समरीन साथ में रहती थी। काफी कुरेदने के बाद भी पुलिस को कोई ठोस क्लू नहीं मिला। जिस पर पुलिस प्रेम प्रसंग के मामले पर भी जांच कर रही है। क्योंकि कातिल को तलाश करने से पहले कत्ल की वजह तलाशना पुलिस के लिए मुश्किल हो रहा है। इस मामले में एसपी सिटी अमित आनंद का कहना है कि परिजनों से पूछताछ के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। हत्या के कारणों का पता लगाने के हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं।
