सामाजिक मंच पर असामाजिकता का प्रदर्शन, नगर विकास मंत्री और सपा के बीच अमर्यादित वाक युद्ध

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Edited By Amrit Vichar
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लखनऊ, अमृत विचार। राज्य की राजनीति का स्तर इतना गिरेगा, शायद ही कोई सोच सकता है।  एक तरफ प्रदेश में सत्ता प्राप्त करने  व जनता को लुभाने के लिए रोजाना जतन कर रही समाजवादी पार्टी है, तो दूसरी तरफ नगर विकास मंत्री की कुर्सी पर सेवानिवृत आईएएस अफसर। सोशल मीडिया मंच एक्स पर सपा मीडिया सेल और नगर विकास मंत्री एके शर्मा के कार्यालय के अकाउंट के बीच वाक् युद्ध देख लोग दंग हैं।

इस प्रकरण में कैबिनेट मंत्री की ओर से कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है। एके शर्मा के विकास कार्यों पर सपा ने सवाल उठाए और अभद्र भाषा का प्रयोग किया। जवाब में मंत्री के ऑफिस ने भी तीखे शब्दों के प्रयोग में कोई कमी नहीं छोड़ी। एके शर्मा के ऑफिस के एक्स अकाउंट और सपा मीडिया सेल के हैंडल से एक दूसरे को लेकर लगातार दूसरे दिन भी अमर्यादित टिप्पणियां जारी रहीं। इस वाक् युद्ध में दोनों ही पक्षों से एक दूसरे के लिए ऐसे-ऐसे शब्दों का प्रयोग किया जा रहा है, जो किसी भी परिस्थिति में सभ्य नहीं कही जा सकतीं।

टकराहट की शुरूआत करते हुए शुक्रवार को सपा मीडिया सेल ने कानपुर की एक फोटोयुक्त खबर टैग करते लिखा कि ''इस सड़क में भरे कीचड़ और गंदे पानी में अपनी शक्ल देख ले यूपी का नगर विकास कचरा मंत्री।'' जवाब में एके शर्मा ऑफिस ने काफी शालीनता दिखाई। अखिलेश यादव को माननीय लिखकर सम्मान पूर्वक टैग करते हुए सपा मीडिया सेल को जवाब दिया कि लगातार लिखी जा रही अमर्यादित भाषा पर खेद व्यक्त करने के लिए आज अपरान्ह 3 बजे तक का समय हम देते हैं। यह भी लिखा कि कानपुर के इस रोड का सीएम ग्रिड्स योजना से 73 करोड़ रुपये स्वीकृति के साथ टेंडर भी हो गया है। माफी न मांगे जाने पर मंत्री के ऑफिस की ओर से  फिर संदेश भेजा गया कि अपराह्न 3:18 बज गया। तंज कसा कि स्वाभाविक बात है, जो लोग अपने बाप का सम्मान नहीं करते वो दूसरों का क्या करेंगे। इसके बाद सपा की ओर कूड़े-कचरे के ढेर और फिर शनिवार को टहनियों के बीच से गुजर रहे हाइटेंशन तार की फोटो-खबरें शेयर करते हुए ऐसे-ऐसे शब्द लिखे जाने लगे कि मर्यादाएं तार-तार होतीं दिखी। मंत्री के ऑफिस ने भी जवाब देने में अभद्र शब्दों की कोई कमी नहीं छोड़ी।

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