बरेली: खाद्य पदार्थों के 50 फीसदी से अधिक नमूने फेल
बरेली,अमृत विचार। बाजार में ज्यादातर खाद्य पदार्थ मिलावटी ही बिक रहे हैं। मिलावट के साथ-साथ मिस ब्रांड और नियमों का उल्लंघन कर भी सामान बेचा जा रहा है। एक साल में खाद्य पदार्थों के नमूनों की रिपोर्ट यही सच्चाई बयां करती है। खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा इस वर्ष लिए गए नमूनों में 50 फीसदी से …
बरेली,अमृत विचार। बाजार में ज्यादातर खाद्य पदार्थ मिलावटी ही बिक रहे हैं। मिलावट के साथ-साथ मिस ब्रांड और नियमों का उल्लंघन कर भी सामान बेचा जा रहा है। एक साल में खाद्य पदार्थों के नमूनों की रिपोर्ट यही सच्चाई बयां करती है। खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा इस वर्ष लिए गए नमूनों में 50 फीसदी से अधिक नमूने फेल हो गए। इनमें ज्यादातर नमूनों की रिपोर्ट अधोमानक भी आई है।
कई नमूनों की रिपोर्ट असुरक्षित, मिसब्रांड और नियमों का उल्लंघन करने की भी आयी है। इतनी बड़ी संख्या में नमूनों का फेल होना हैरान करता है। ऐसे में लोगों को अलर्ट हो जाना चाहिए। खासकर त्योहारों के दौरान सावधानी जरूर बरतें।
मिलावटखोरी रोकने और लोगों को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग समय-समय पर दुकानों से नमूने लेता है। शिकायत मिलने पर भी छापा मारकर कार्रवाई भी करता है। त्योहारों के समय विशेष अभियान भी चलाए जाते हैं फिर भी यह काला खेल बदस्तूर जारी है। इस वर्ष बरेली में विभाग की ओर से जनवरी से अक्टूबर तक 617 नमूने लिए गए। इनमें से 553 नमूनों की रिपोर्ट आ चुकी है। इनमें 285 नमूने फेल हो गए हैं।
स्पष्ट है कि 52 फीसदी नमूने फेल हुए हैं। सबसे ज्यादा 172 नमूनों की रिपोर्ट अधोमानक यानी सबस्टैंडर्ड आयी है। कुल फेल नमूनों में से 60 फीसदी नमूने अधोमानक पाए गए हैं। इससे साफ है कि जो खाद्य सामग्री बनाई गई थी उसे मानक के अनुरूप नहीं बनाया गया था। उसमें मिलावट की गई थी। 27 फीसदी नमूने मिसब्रांड पाए गए। स्पष्ट है कि ग्राहकों के साथ धोखाधड़ी करके सामान बेचा गया। दीपावली के साथ-साथ कई त्योहार आने वाले हैं। जल्द ही विभाग अभियान के तहत दुकानों से नमूने लेगा।
मिलावटी की कहानी, आंकड़ों की जुबानी
617 नमूने लिए गए
553 नमूनों की रिपोर्ट आयी
172 नमूनों की रिपोर्ट अधोमानक
76 नमूने मिसब्रांड पाए गए
32 नमूने असुरक्षित पाए गए
5 नमूनों में नियमों का पालन नहीं
तेल में भी मिलावट खेल
तेलों में भी मिलावट होती है। नारियल तेल में दूसरे तेल मिलाकर बेचा जाता है। अन्य तेलों में ट्राई ऑर्थो क्रेसिल फॉस्फेट (टीओसीपी) की भी मिलावट की जाती है। टीओसीपी की मिलावट से लोगों का शरीर अपंग हो सकता है और जान भी जा सकती है। इसके अलावा सलाद में इस्तेमाल होने वाले तेलों में भी मिलावट होती है। इन सभी मिलावटों को भी लोग घरों में पहचान सकते हैं। इसके लिए मामूली से टेस्ट की जरूरत होती है। आइए बताते हैं कि घरों में कैसे करें ये टेस्ट।
नारियल तेल में अन्य तेलों की मिलावट
पारदर्शी ग्लास में नारियल तेल लें। इस ग्लास को 30 मिनट तक रेफ्रिजेटर में रख दें। ग्लास को फ्रीजर में बिल्कुल न रखें। ठंडा होने पर नारियल तेल ठोस हो जाएगा। मिलावट होने पर दूसरे तेल अलग हो जाएंगे और उनकी अलग परत बन जाएगी।
तेल में टीओसीपी (ट्राई आर्थो क्रेसिल फासफेट) की मिलावट पहचानें
दो मिली तेल का सैंपल लें। कुछ मात्रा पीले सॉलिड बटर की डालें। टीओसीपी की मिलावट पर तुरंत रंग लाल हो जाएगा।
