लखीमपुर खीरी : श्रीराम जानकी मंदिर व चार घरों का किया गया ध्वस्तीकरण
रोशननगर के मूलचंद हंसराम धर्मशाला का भी होगा ध्वस्तीकरण
गोला गोकर्णनाथ/लखीमपुर खीरी, अमृत विचार। शिव मंदिर कॉरिडोर सौंदर्यीकरण के लिए हो रहे ध्वस्तीकरण में गुरुवार को पौराणिक शिव मंदिर के उत्तर बने आवासों और गोस्वामी धर्मशाला से सटे बने श्रीराम जानकी मंदिर का ध्वस्तीकरण किया गया। गोकर्ण तीर्थ के दक्षिण बने रोशननगर के मूलचंद हंसराम धर्मशाला का भी ध्वस्तीकरण होगा।
गुरुवार की दोपहर पौराणिक शिव मंदिर के उत्तर बने ऊशा गिरि, वीरेंद्र गिरि और गोस्वामी धर्मशाला के निकट बने श्रीराम जानकी मंदिर का जेसीबी से ध्वस्तीकरण किया गया। देर शाम से तीर्थ परिसर के निकट बने सूरज उर्फ बंटू गिरि और धर्मराज गिरि के आवासों का धवस्तीकरण शुरू हुआ, जो देर रात तक चलता रहा। ध्वस्तीकरण अभियान पांच जेसीबी से कराया जा रहा है। मलवा हटाने का कार्य भी डंफर, टै्रैक्टर ट्रलियों से जारी है। तीर्थ परिसर के निकट बने जिन चार घरों को ढहाया गया है, उन्हें पहले से ही सूचना देकर कांशीराम आवास में सामान सहित शिफ्ट करा दिया गया। विधायक अमन गिरि ने विस्थापित हुए परिवार वालों को गोद ले लिया है। उन्होंने कहा है कि जिनका घर कॉरिडोर की जद में आने से टूट गया है, उनके भरण पोषण आदि की जिम्मेदारी उनकी है। पर्यटन विकास विभाग के जेई विवेक बाजपेयी ने बताया कि शिव मंदिर परिसर पर राजस्व विभाग द्वारा पर्यटन विकास विभाग को शिव मंदिर कॉरिडोर के लिए दी गई 19324.670वर्ग मीटर भूमि पर कॉरिडोर सौंदर्यीकरण, भव्य नवनिर्माण के साथ पौराणिक शिव मंदिर परिसर के गर्भ गृह के परिक्रमा मार्ग पर आस पास छोटे बड़े बने एक दर्जन से अधिक मंदिरों को विस्थापित किया जाएगा। इन मंदिरों को बाद में पौराणिक शिव मंदिर गर्भ गृह के परिक्रमा मार्ग में ही भव्य रूप देकर स्थापित किया जाएगा। प्राचीन बूढ़े बाबा मंदिर का उसी स्थान पर सौंदर्यीकरण कर भव्य रूप दिया जाएगा। गोकर्ण तीर्थ के दक्षिण में बने रोशननगर का मूलचंद हंसराम धर्मशाला भी कॉरिडोर सौंदर्यीकरण की जद में आने से ढहाया जाएगा, जिसके लिए धर्मशाला के सर्वराकार को सूचना दी गई है, जिन्होंने सहमति पत्र भी सौंप दिया है।
ध्वस्तीकरण के समय एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता, नायब तहसीलदार सर्वेश कुमार यादव, जेई विवेक बाजपेयी, लेखपाल जयप्रकाश वर्मा सहित तहसील, पुलिस के अधिकारी, कर्मचारी मौजूद रहे।
