अवैध ग्लास फैक्ट्री में आग लगी, केमिकल से हुए धमाके, दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पाया आग पर काबू
लखनऊ, अमृत विचार: चिनहट के देवां रोड पर अवैध रूप से चल रही ग्लास फैक्ट्री में रविवार दोपहर भीषण आग लग गई। फैक्ट्री में रखे केमिकल के कारण धमाके होने से लोग सहम गए। आग इतनी भीषण थी कि एफएसओ को टाटा टेल्को कंपनी से विशेष फायर यूनिट बुलानी पड़ी। विशेष फायर यूनिट और दमकल की चार गाड़ियों की मदद से करीब दो घंटे में आग पर काबू पाया जा सका। फैक्ट्री मालिक के पास फायर एनओसी नहीं थी।
देवां रोड में आनंद शाव की जेनेशस विंडोर प्राइवेट लिमिटेड नाम से ग्लास फैक्ट्री है। फैक्ट्री में कांच के सामान बनाने का काम होता है। मैनेजर दशरथ त्रिपाठी ने बताया कि रविवार फैक्ट्री में अवकाश होने से केवल सिक्योरिटी गार्ड ड्यूटी थे। दोपहर करीब 1 बजे गार्ड को फैक्ट्री के अंदर आग की लपटें और धुआं उठता दिखाई दिया। गार्ड ने शोर मचाने के साथ मैनेजर और दमकल और डॉयल-112 पर सूचना दी। शोर सुन आसपास अन्य फैक्टरी के कर्मचारी आ गए और आग को काबू करने में जुट गए।
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इस दौरान फैक्ट्री में एक-एक कर कई धमाके हुए। इससे घबराए लोग बाहर भाग गए। इस बीच एफएसओ गोमतीनगर सुशील यादव दमकल की तीन गाड़ियाें के साथ पहुंच गए। उन्होंने आग की भयावहता को देखते हुए टाटा टेल्को कंपनी की विशेष फायर यूनिट को बुलाया। दमघोंटू धुएं के कारण दमकल कर्मियों का सांस लेने में दिक्कत होने लगी। दमकलकर्मियों ने ब्रीथिंग ऑपरेटिंग सेट पहनकर आग बुझाने में जुट गए। करीब दो घंटे बाद आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया।
मालिक को जारी की जाएगी नोटिस
एफएसओ सुशील यादव ने बताया कि फैक्ट्री में तारों का मकड़जाल फैला हुआ था। आशंका है कि तारों में स्पार्किंग होने आग लगी। फैक्ट्री मालिक आनंद शाव के पास न तो एनओसी थी और न ही फैक्ट्री में अग्नि सुरक्षा उपकरण थे। अगर उपकरण होते तो समय रहते ही आग पर काबू पाया जा सकता था। मालिक आनंद को नोटिस जारी कर सभी व्यवस्थाओं को पूरा करने के लिए 15 दिन का समय दिया जाएगा। समय अवधि पूरी होने के बाद मानक पूरे नहीं होने पर कार्रवाई की जाएगी।
