वेटलैंड की हाेगी बायो-डायवर्सिटी मैपिंग: जीव-जंतुओं का बनेगा कैटलॉग, वन विभाग रखेगा दो विशेषज्ञ
लखनऊ, अमृत विचार : लखनऊ विकास प्राधिकरण सीजी सिटी स्थित वेटलैंड की बायो-डायवर्सिटी मैपिंग कराएगा। इसके माध्यम से परिक्षेत्र में मौजूद पेड़-पौधे, पक्षियों, जलीय जीवों व अन्य जैविक प्रजातियों की पहचान करके उनका कैटलॉग तैयार किया जाएगा। उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बुधवार को वेटलैंड की समीक्षा बैठक करके अधिकारियों को ये निर्देश दिए।
उपाध्यक्ष ने बताया कि सीजी सिटी में इकाना क्रिकेट स्टेडियम के पीछे विकसित वेटलैंड शहर में ईको टूरिज्म का केन्द्र बन गया है। इससे शहर में विभिन्न प्रजाति के स्वदेशी व विदेशी पक्षियों के प्राकृतिक वास को बढ़ावा मिला है। प्रवासी पक्षियों ने भी यहां डेरा डाल रखा है। इसके चलते गोमती टास्क फोर्स और टीएसए (टर्टल सर्वाइवल एलायंस) की मदद से वेट लैंड में साफ-सफाई और जल गुणवत्ता की मॉनिटरिंग आदि के कार्य कराए जा रहे हैं।
लगभग 37 एकड़ क्षेत्रफल में वेट लैंड विकसित किया गया है। इस आर्द्रभमि में किसी तरह का अतिक्रमण न हो, इसके लिए भी कार्ययोजना बनाई है। इस क्रम में वेटलैंड के पूरे क्षेत्र का डिमार्केशन किया जाएगा। संबंधित अधिकारियों को राजस्व अभिलेखों का परीक्षण करके स्थल पर कार्रवाई के निर्देश दिये।
बताया कि वेटलैंड के संरक्षण के लिए वन विभाग से दो विशेषज्ञ तैनात करेंगे। संबंधित विभाग को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए। विशेषज्ञ ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, प्राकृतिक जल प्रवाह, जल शुद्धीकरण, पर्यावरण संतुलन समेत अन्य जरूरी कार्यों की नियमित रूप से मॉनिटरिंग करेंगे।
बैठक में अपर सचिव ज्ञानेन्द्र वर्मा, मुख्य अभियंता मानवेन्द्र सिंह, वन विभाग के एसडीओ चंदन चौधरी, डीपीओ शिवांग वर्मा व टीएसए के प्रतिनिधि डॉ. सौरभ दीवान समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
