सूरजकुंड हादसा : एसआईटी का हुआ गठन, डीजीपी क्राइम मुकेश मल्होत्रा की देखरेख में होगी जांच
फरीदाबाद। हरियाणा के सूरजकुंड हादसे की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया है। फरीदाबाद पुलिस की बनाई गई एसआईटी में एसीपी क्राइम वरुण दहिया, एक इंस्पेक्टर और एक सब इंस्पेक्टर को रखा गया है। डीसीपी क्राइम मुकेश मल्होत्रा की देखरेख में जांच होगी।
एसआईटी अब जांच कर पता लगाएगी कि सूरजकुंड हादसा कैसे हुआ और कौन-कौन लोग इसके लिए जिम्मेदार हैं। सूरजकुंड हादसे पर चश्मदीद अबरार अली ने बताया, "मेरी दुकान झूले के सामने है। मैंने देखा कि जब झूला टूटा, तो लोग अचानक चिल्लाने लगे। लोग दोनों तरफ बैठे थे और चिल्लाने और रोने लगे। मैं अपनी दुकान छोड़कर भागा। वहां 3-4 फुट की रेलिंग थी, जिसे मैं कूदकर ऊपर चढ़ गया। मैंने सात लोगों को बचाया और उन्हें सुरक्षित किनारे ले गया। दूसरों को बचाने की कोशिश करते समय झूला पूरी तरह गिर गया।"
अबरार अली ने बताया कि एक अन्य शख्स भी मेरे साथ थे, वो भी लोगों को बचा रहे थे, लेकिन इस हादसे में उनकी मौत हो गई। जो लोग नीचे थे, उनको बचा लिया गया। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भी शनिवार को फरीदाबाद में सूरजकुंड मेले के दौरान हुए हादसे पर दुख जताया था। इस दुखद घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए हरियाणा के मंत्री अरविंद कुमार शर्मा ने कहा था, "एक तरफ 13 लोग बैठे थे और दूसरी तरफ 13। यह बहुत दुखद घटना है। मुख्यमंत्री, जिला प्रशासन, पुलिस और मेला अधिकारी परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हैं।"
एक दर्शक ने बताया, "झूला टूटकर जोरदार आवाज के साथ जमीन पर गिर गया, जिससे धूल का गुबार उठा और आगंतुकों ने इसे कोई हमला समझा, जिसके कारण भगदड़ मच गई।" झूला गिरने के तुरंत बाद, पूरे मेला मैदान को खाली करा लिया गया, और जिला मजिस्ट्रेट आयुष सिन्हा ने अन्य एजेंसियों के साथ बचाव अभियान का नेतृत्व किया और घायलों को अस्पताल पहुंचाने की देखरेख की।
