देशव्यापी कार्य बहिष्कार करेंगे बिजली कर्मचारी, विद्युत संशोधन विधेयक के विरोध में लिया फैसला

Amrit Vichar Network
Published By Anjali Singh
On

लखनऊ, अमृत विचार: बिजली कर्मचारियों और अभियंताओं ने प्रस्तावित विद्युत संशोधन विधेयक के विरोध में 10 मार्च को देशव्यापी कार्य बहिष्कार करने का ऐलान किया है। यह निर्णय नेशनल को-ऑर्डिनेशन कमेटी ऑफ इलेक्ट्रिसिटी इंप्लाइज एंड इंजीनियर्स (एनसीसीओईईई) की शुक्रवार को आयोजित ऑनलाइन बैठक में लिया गया। बैठक की अध्यक्षता ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन के चेयरमैन शैलेन्द्र दुबे ने की। बैठक में शामिल सभी संगठनों ने अपने सदस्यों को 10 मार्च को होने वाले कार्य बहिष्कार की तैयारी के लिए अलर्ट जारी कर दिया है।

फेडरेशन चेयरमैन ने बताया कि एनसीसीओईईई ने केंद्रीय ऊर्जा मंत्री को पत्र लिखकर मांग की है कि किसान, उपभोक्ता और कर्मचारियों के हितों के खिलाफ बताए जा रहे विद्युत संशोधन विधेयक संसद में पेश न किया जाए। उन्होंने कहा कि यदि सरकार यह विधेयक संसद में लाती है तो देशभर के बिजली कर्मचारी और अभियंता इसका पुरजोर विरोध करेंगे। उन्होंने बताया कि 10 मार्च को इस विधेयक को संसद में पेश किया जा सकता है। इसी को देखते हुए देशभर के बिजली कर्मचारी संगठनों ने विरोध की तैयारी तेज कर दी है। 

बैठक में यह भी फैसला लिया गया कि 9 मार्च को दिल्ली में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें विभिन्न राजनीतिक दलों के सांसदों को आमंत्रित किया जाएगा। इस बैठक में सांसदों को इस विधेयक के किसानों, गरीब उपभोक्ताओं और बिजली कर्मचारियों पर पड़ने वाले संभावित गंभीर दुष्प्रभावों की जानकारी दी जाएगी।

साथ ही उनसे संसद में इस बिल का विरोध करने और इसे पारित न होने देने का आग्रह किया जाएगा। बैठक में ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन के महासचिव पी. रत्नाकर राव, ऑल इंडिया पावर डिप्लोमा इंजीनियर्स फेडरेशन के अध्यक्ष आरके त्रिवेदी, ऑल इंडिया फेडरेशन ऑफ इलेक्ट्रिसिटी एम्प्लॉइज के महासचिव मोहन शर्मा, ऑल इंडिया पावर मेंस फेडरेशन के आरके पाराशर आदि ने हिस्सा लिया।

ये भी पढ़ें :
Women's Day: हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर बनेगी ‘वॉल ऑफ ग्रैटिट्यूड’, ‘शक्ति मेट्रो’ की शुरुआत

संबंधित समाचार