राहुल गांधी का PM मोदी पर तीखा हमला, कहा- प्रधानमंत्री घबराए हुए हैं, इसलिए सदन के अंदर नहीं आ रहे
नई दिल्ली। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बृहस्पतिवार को दावा किया कि रसोई गैस की किल्लत को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लोगों से नहीं घबराने की अपील कर रहे हैं, जबकि वह खुद अलग कारणों से घबराए हुए हैं। राहुल गांधी ने संसद परिसर में संवाददाताओं से कहा, ''प्रधानमंत्री कह रहे हैं कि घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन खुद प्रधानमंत्री बिल्कुल अलग वजहों से घबराए हुए हैं। वह अदाणी मामले, 'एप्सटीन फाइल' के कारण घबराए हुए हैं।''
उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री सदन के अंदर नहीं आ पा रहे हैं और देश से कह रहे हैं कि घबराओ मत, जबकि वह खुद घबराए हुए हैं। पश्चिम एशिया में संघर्ष के कारण रसोई गैस की किल्लत के बीच, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को लोगों से नहीं घबराने की अपील की थी और जनहित की रक्षा का आश्वासन दिया था। उन्होंने कहा था, ''मैं लोगों से अपील करना चाहता हूं कि हम केवल सही और सत्यापित जानकारी ही फैलाएं।''
कांग्रेस सांसद जेबी माथेर ने कहा, "भारत जिसे 'सफलतापूर्व' रुख कहता है, हम वही चाहते हैं, लेकिन हमें कोई कार्रवाई नजर नहीं आती। ऊर्जा संकट के संबंध में यह तथाकथित सफलता कहां है? लोग परेशान हैं, होटल बंद हो रहे हैं और घरेलू बाजार बुरी तरह प्रभावित होने वाले हैं। इन चिंताओं का समाधान करना बेहद जरूरी है। उड़ानें सीमित हैं, हवाई किराए आसमान छू रहे हैं, ये वास्तविकताएं हैं फिर भी प्रधानमंत्री बिना किसी ठोस निर्णय, हस्तक्षेप या भारत सरकार की ओर से सार्थक भागीदारी के बयानबाजी करते रहते हैं।"
कांग्रेस सांसद धर्मवीर गांधी ने कहा, "हमारी अपनी जरूरतें और प्राथमिकताएं हैं और हमें अंतरराष्ट्रीय स्थिति पर भी विचार करना चाहिए। वैश्विक समुदाय के सामने भारत का पक्ष रखना आवश्यक है। सरकार ने भारत की गुटनिरपेक्षता की दीर्घकालिक नीति को त्याग दिया है, जिससे विदेश मामलों में गड़बड़ी पैदा हो गई है। इससे निपटने के लिए हमें देश और अपनी पार्टी के हितों को ध्यान में रखते हुए अन्य देशों को अपना संदेश देना होगा। अगर आप विदेश यात्राओं पर नजर डालें तो मौजूदा प्रधानमंत्री ने कई दौरे किए हैं, लेकिन लोकसभा सत्र के दौरान बहुत कम समय के लिए और कोई जवाब नहीं दिया।
