गोरखपुर रैली में भावुक हुए मंत्री संजय निषाद : मंच पर फूट-फूटकर रोए, कहा- छीना जा रहा हमारे लोगों का वोट
लखनऊ/गोरखपुर। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार के कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद रविवार को गोरखपुर में आयोजित एक रैली के दौरान भावुक हो गए व मंच पर ही फूट-फूटकर रोने लगे। यह रैली निषाद समुदाय के आरक्षण और अन्य मांगों को लेकर महंत दिग्विजयनाथ पार्क में आयोजित की गई थी, जिसमें आसपास के जिलों से हजारों कार्यकर्ता शामिल हुए। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने हाथों में निषाद पार्टी के झंडे और तख्तियां लेकर मंत्री संजय निषाद का जोरदार स्वागत किया।
डॉ. संजय निषाद बाइक रैली के जरिए कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे, जहां मंच तक बने रैंप पर समर्थकों ने फूलों की बारिश कर उनका अभिनंदन किया। मंच पर संबोधन देते हुए डॉ. संजय निषाद ने कहा, "आज के दिन मैं आप सभी का हार्दिक अभिनंदन करता हूं। आपने भाड़े वाले नहीं, अखाड़े वाले पहलवान को लाया है। हमें लैला नहीं चाहिए, हम पूरे प्रदेश में रैला निकालेंगे।" उन्होंने खुद को समाज की आवाज और वकील बताया और कहा, "आपका बेटा संजय आपके साथ है। सदन में आवाज उठाता हूं तो बुलडोजर चलता है।"
विपक्ष पर साधा निशाना
विपक्ष पर निशाना साधते हुए मंत्री संजय निषाद ने कहा कि सपा ने निषादों को पढ़ने-लिखने नहीं दिया और बसपा ने उनकी रोजी-रोटी छीनी। "इसका कारण है कि आप लोग गलत बटन दबा देते हैं।" इसी दौरान वे भावुक हो गए और बोले, "आपके वोट को छीनने की कोशिश हुई।" इसके बाद वे फूट-फूटकर रोने लगे। भावुक होते हुए उन्होंने कार्यकर्ताओं को भरोसा दिलाया, "आप हमारा साथ दो, मैं तुम्हारे बच्चों की रक्षा करूंगा। 22 मई को हमारे लोग आपके दरवाजे पर जाएंगे, आपको निषाद पार्टी की तख्ती दिखानी होगी।"
बच्चों की रक्षा का दिया भरोसा
डॉ. संजय निषाद ने मंच से लोगों को भरोसा देते हुए कहा कि आप हमारा साथ दो, मैं तुम्हारे बच्चों की रक्षा करूंगा। 22 मई को आपको दरवाजे पर हमारे लोग जाएंगे। आपको निषाद पार्टी की तख्ती दिखानी होगी। उन्होंने कहा कि मैंने एक किताब लिखी है, आरक्षण का आधिकार। सबसे पहले हमारे लोग है। संजय निषाद ने कहा कि आपको कहानी किस्सा चाहिए़, या फिर हिस्सा। उन्होंने कहा कि आज आजमगढ़, सिद्धार्थनगर और गोरखपुर मंडल से लोग आए है।
डॉ. निषाद ने कहा कि हमारे पास 11 विधायक हैं। तुम्हारा विरोध कौन करता है? तुम्हारा विरोध समाजवादी पार्टी करती है। उन्होंने कहा कि हमारी चार मांगें हैं। पीएम मोदी ने जय निषाद का नारा लगाया। चार बड़ी रैली है। बड़ी रैलियों में चलना है। अब लैला छोड़ो और रैला अपनाओ। मैंने 14 किताबें लिखी है, उसको गांव-गांव पहुंचाओ।
