कॉर्नियल दान और प्रत्यारोपण को मजबूत करने के लिए UP में उच्च स्तरीय टास्क फोर्स का गठन
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने कॉर्नियल दान एवं प्रत्यारोपण व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से एक उच्च स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है। यह गठन फरवरी में सम्पन्न हुई 'नेत्रमंथन' कार्यक्रम में पैनल चर्चा के आधार पर किया गया है। यह टास्क फोर्स प्रो. राजेश हर्षवर्धन (चिकित्सा अधीक्षक, एसजीपीजीआईएमएस एवं संयुक्त निदेशक, सोटो-यूपी) की अध्यक्षता में कार्य करेगी। समिति में प्रदेश के प्रमुख नेत्र विशेषज्ञों को शामिल किया गया है।
डॉ. अल्का गुप्ता को सह-अध्यक्ष, डॉ. शालिनी मोहन को सदस्य सचिव तथा डॉ. शेफाली मजूमदार को संयोजक बनाया गया है। प्रो. राजेश हर्षवर्धन ने बताया कि प्रदेश में कॉर्नियल अंधत्व एक गंभीर चुनौती बना हुआ है। बड़ी संख्या में ऐसे मरीज हैं जिनकी दृष्टि कॉर्नियल प्रत्यारोपण से वापस लाई जा सकती है, लेकिन नेत्रदान के प्रति कम जागरूकता और आई बैंकिंग प्रणाली की चुनौतियों के कारण दाता कॉर्निया की उपलब्धता सीमित है।
टास्क फोर्स राज्य में कॉर्नियल दान की वर्तमान स्थिति का आकलन करेगी, कमियों की पहचान करेगी तथा आई बैंकिंग और प्रत्यारोपण प्रणाली को मजबूत करने के लिए नीतिगत सुझाव देगी। साथ ही स्वास्थ्य कर्मियों के प्रशिक्षण, आधारभूत संरचना के विकास और जन-जागरूकता बढ़ाने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। यह समिति आई बैंकों के कार्य, दाता कॉर्निया की उपलब्धता, हॉस्पिटल कॉर्निया रिट्रीवल प्रोग्राम (एचसीआरपी) के क्रियान्वयन और विभिन्न संस्थानों के बीच समन्वय जैसे पहलुओं का अध्ययन करेगी तथा सरकार को विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगी।
