Financial Year 2026-27: बिना चर्चा 15 मिनट में 4692.71 करोड़ का बजट पास, पुनरीक्षित बजट की कॉपी न मिलने पर विपक्षी पार्षदों ने किया हंगामा
लखनऊ, अमृत विचार : नगर निगम का वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 4692.71 करोड़ का मूल बजट सदन की बैठक शुरू होते ही पास हो गया। महापौर सुषमा खर्कवाल ने 15 मिनट में ही बजट पास होने की घोषणा कर दी। वित्तीय वर्ष 2025-26 के पुनरीक्षित बजट को भी बिना चर्चा के पास कर दिया गया। इस पर विपक्षी पार्षदों ने जमकर हंगामा किया और कहा कि महापौर हिटलरशाही दिखा रही हैं। उपाध्यक्ष चरणजीत गांधी ने मूल बजट का भाषण पढ़ना शुरू किया तो कांग्रेस पार्षदों ने हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि बजट की कॉपी नहीं मिली है। पुनरीक्षित बजट पर चर्चा से पहले ही मूल बजट रख दिया गया। हंगामे के बीच महापौर ने सदन 45 मिनट में ही समाप्त करने की घोषणा कर दी।
मुकेश के बयान पर बीजेपी पार्षदों ने की नारेबाजी
कांग्रेस पार्षद मुकेश सिंह चौहान ने सदन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिलाओं से डरते हैं। यह सुनते ही भाजपा पार्षदों ने जमकर नारेबाजी शुरू कर दी और ''महिलाओं के सम्मान में, भाजपा मैदान में[ के नारे लगाने लगे। सपा पार्षद यावर हुसैन रेशू ने पुनरीक्षित बजट की कॉपी क्यों नहीं दी गई। कांग्रेस पार्षद ने पूछा कि पुनरीक्षित बजट पर चर्चा क्यों नहीं की गई। इस पर भाजपा पार्षद अनुराग मिश्रा अन्नू ने मुकेश से पूछा कि क्या आप सपा पार्षद के सेक्रेटरी हो। इस पर पक्ष-विपक्ष के बीच हंगामा शुरू हो गया।
नगर निगम की आय बढ़ी, 517 करोड़ रुपये गृहकर वसूला
महापौर ने बताया कि नगर निगम अपनी आय बढ़ाने पर जोर दे रहा है। गृहकर के रूप में अब तक 517 करोड़ रुपये की वसूली की जा चुकी है, जो पिछले वित्तीय वर्ष से 105.35 करोड़ रुपये अधिक है। स्वच्छता संबंधी मदों से 46 लाख रुपये की आय हुई है। यूजर चार्ज से 28.52 करोड़ रुपये विज्ञापन से 16.16 करोड़ रुपये, रेंट से 4.52 करोड़ रुपये, पार्किंग से 4.32 करोड़ रुपये और लाइसेंस शुल्क से 4.82 करोड़ रुपये मिले हैं।
पहली से पॉस मशीनों से यूजर चार्ज जमा करने पर मिलेगी छूट
महापौर ने बताया कि जनता की सुविधा के लिए नए वित्तीय वर्ष के 1 अप्रैल से भवन स्वामियों को पॉस मशीनों से यूजर चार्ज जमा करने की सुविधा दी जाएगी। समय पर एकमुश्त भुगतान करने पर 8 से 10 प्रतिशत छूट देने का प्रस्ताव है। ऑनलाइन भुगतान पर अप्रैल में 10, मई में 8 और जून में 5 प्रतिशत और ऑफलाइन जमा करने पर 8, 6 और 4 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। इसके साथ ही पॉस मशीन से भुगतान करने पर पेटीएम द्वारा उपभोगताओं को अपनी तरफ से विशेष कैशबैक ऑफर दिए जाएंगे।
271 करोड़ से सड़कों की होगी मरम्मत
सड़कों के अनुरक्षण और मरम्मत के लिए बजट में 271 करोड़ का प्रावधान किया गया है। खराब सड़कों का पैचवर्क और मुख्य मार्गों को सही कराया जाएगा। शहर में बेहतर प्रकाश व्यवस्था के लिए स्ट्रीट लाइटों का विस्तार और सुधार किया जाएगा। नगर निगम ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में कुल 42.55 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
300 करोड़ से शहर की होगी सफाई
शहर की साफ-सफाई और कूड़ा निस्तारण के लिए बजट में 300 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। कार्यदाई संस्था के कर्मचारियों के वेतन, सड़कों की सफाई और नाला-नालियों की सफाई पर 255 करोड़ रुपये खर्च किये जाएंगे।
बजट में आय और व्यय का ब्योरा
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए नगर निगम का कुल प्रस्तावित राजस्व, पूंजी एवं उच्चंत मद में आय 3293.35 करोड़ रुपये प्रस्तावित है। प्रारंभिक अवशेष सहित कुल आय 4692.71 करोड़ रुपये आंकी गई है, जबकि कुल व्यय राजस्व, पूंजी एवं उच्चंत मद में 3292.93 करोड़ रुपये प्रस्तावित है। इसके बाद लगभग 1399.77 करोड़ रुपये का अंतिम अवशेष रहने का अनुमान है। व्यय में अधिष्ठान (पेंशन सहित) पर 925.23 करोड़ रुपये, विकास कार्यों पर 1253.40 करोड़ रुपये और अन्य मदों पर 99.30 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
1400.19 करोड़ अवशेष के साथ पुनरीक्षित बजट पास
नगर निगम लखनऊ के वित्तीय वर्ष 2025-26 के पुनरीक्षित बजट राजस्व, पूंजी एवं उच्चन्त लेखों को मिलाकर कुल आय 3392.24 करोड़ रुपये आंकी गई है। प्रारंभिक अवशेष को शामिल करने के बाद नगर निगम की कुल सकल आय बढ़कर 4791.60 करोड़ रुपये हो गई है। कुल व्यय 3391.41 करोड़ रुपये निर्धारित किया गया है। आय और व्यय के समायोजन के बाद नगर निगम के 1400.19 करोड़ रुपये के अंतिम अवशेष को सदन ने पास किया है।
जलकल विभाग का 487 करोड़ का बजट पास
जलकल विभाग ने भी वर्ष 2026-27 का बजट प्रस्तुत किया। विभाग की कुल आय 487.23 करोड़ रुपये और व्यय 483.45 करोड़ रुपये प्रस्तावित है। लगभग 3.78 करोड़ रुपये का लाभ अनुमानित है। जबकि पुनरीक्षित बजट में वास्तविक आय कम होकर 460.85 करोड़ रुपये और व्यय 459.39 करोड़ रुपये हो गया है। कुल 1.49 करोड़ रुपये का लाभ का अनुमान है।
