Bareilly : BDA ने भूखंडों के आवंटन से कमाए 140 करोड़, अब 267 हेक्टेयर में बसेगी नई टाउनशिप

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Published By Monis Khan
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बरेली, अमृत विचार। बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) ने अपनी व्यावसायिक संपत्तियों की नीलामी के माध्यम से राजस्व अर्जन का नया कीर्तिमान स्थापित किया है। सोमवार को प्राधिकरण के नवीन कार्यालय भवन में आयोजित नीलामी शिविर में रामगंगा नगर और ग्रेटर बरेली आवासीय योजनाओं के विभिन्न सेक्टरों में स्थित व्यावसायिक भूखंडों का आवंटन किया गया। इससे प्राधिकरण को 140 करोड़ रुपये की रिकार्ड आय प्राप्त हुई, जो शहर के बुनियादी ढांचे के विकास में मील का पत्थर साबित होगी।

शिविर सचिव वन्दिता श्रीवास्तवा और मुख्य वित्त एवं लेखाधिकारी शिवधनी सिंह यादव सहित वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में हुआ। बीडीए उपाध्यक्ष मनिकन्डन. ए का कहना है कि प्राधिकरण ने व्यावसायिक संपत्तियों के प्रति निवेशकों और आम जनता के भारी उत्साह को देखते हुए शहर के विस्तार की दिशा में बड़े कदम उठाए हैं। बीते वर्षों में रामगंगा नगर योजना को जिस तेजी से विकसित किया है, उसने निवेशकों का भरोसा जीता है। पूर्व में भी व्यावसायिक संपत्तियों की नीलामी से प्राधिकरण को करोड़ों का राजस्व प्राप्त हुआ।

अब रामगंगा नगर और ग्रेटर बरेली योजनाओं की सफलता के बाद बीडीए ने आवासीय मांगों को पूरा करने के लिए एक नई टाउनशिप विकसित करने की योजना तैयार की है। यह महत्वाकांक्षी टाउनशिप दिल्ली-लखनऊ बड़ा बाईपास और पीलीभीत बाईपास राजमार्ग के संगम पर लगभग 267 हेक्टेयर में फैली होगी। इसके लिए भूमि अर्जन की प्रक्रिया भी शासन स्तर पर प्रारंभ कर दी गई है। नई टाउनशिप को आधुनिक शहरी सुविधाओं से लैस करने के लिए विशेष इंफ्रास्ट्रक्चर लेआउट तैयार किया है। इसमें यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए 45 मीटर और 30 मीटर चौड़ी जोनल सड़कें बनाई जाएंगी, जबकि आंतरिक सड़कों की चौड़ाई भी न्यूनतम 18 मीटर रखी गई है। यह टाउनशिप न केवल बरेली बल्कि आसपास के जनपदों के लोगों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बनेगी।

तारों से मुक्त होगी अत्याधुनिक टाउनशिप
बीडीए की प्रस्तावित नई टाउनशिप अपनी अत्याधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर सुविधाओं के कारण भविष्य का ''स्मार्ट हब'' बनने जा रही है। इस योजना की बड़ी विशेषता इसका सौंदर्य और आधुनिकता है, जहां बिजली की सभी लाइनें भूमिगत होंगी। तारों के मकड़जाल से मुक्ति मिलेगी। निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए परिसर के भीतर ही 132 केवीए का अपना पॉवर सब-स्टेशन बनाया जाएगा। साथ ही, निवासियों के सामाजिक जीवन और मनोरंजन के लिए एम्यूजमेंट पार्क और कम्युनिटी सेंटर जैसी विश्वस्तरीय सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। नीलम श्रीवास्तव, अजीत कुमार और अधिशासी अभियंता एपीएन सिंह सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने इस योजना को शहर के विकास के लिए मील का पत्थर बताया।

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