चुनाव बाद बुलाए सर्वदलीय बैठक... खरगे ने रीजीजू को लिखा पत्र, पूछा- महिला आरक्षण पर सरकार जल्दबाजी में क्यों?
नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बृहस्पतिवार को सरकार से महिला आरक्षण अधिनियम में संशोधन के विषय पर सर्वदलीय बैठक बाद में बुलाने का आग्रह एक बार फिर किया और कहा कि जब राजनीतिक दल चुनाव में व्यस्त हैं तो फिर वह बहुत जल्दबाजी में क्यों नजर आ रही है। खरगे ने संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू को लिखे पत्र में यह भी कहा कि सरकार को 29 अप्रैल, 2026 को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के अंतिम चरण का मतदान संपन्न होने के बाद सर्वदलीय बैठक बुलानी चाहिए।
बीते मंगलवार को विपक्षी दलों ने किरेन रिजिजू को पत्र लिखकर आग्रह किया था कि वह चार राज्यों एवं एक केंद्रशासित प्रदेश में विधानसभा चुनाव संपन्न होने के बाद महिला आरक्षण अधिनियम में संशोधन के विषय पर सर्वदलीय बैठक बुलाए। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आम सहमति बनाने के लिए बीते सोमवार को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के कुछ घटक दलों और विपक्ष के कुछ क्षेत्रीय दलों के नेताओं के साथ अलग-अलग बैठकें कीं।
लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रावधान के लिए नारी शक्ति वंदन अधिनियम, 2023 पारित किया गया था, हालांकि उसे परिसीमन की प्रक्रिया के बाद ही लागू किया जा सकता है। सूत्रों का कहना है कि जिस रूपरेखा को लेकर चर्चा जारी है, उसके अनुसार लोकसभा सीटों की संख्या वर्तमान 543 से बढ़कर 816 हो जाएंगी, जिसमें 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी।
