SGPGI : पीडियाट्रिक सेंटर के लिए 2300 से अधिक पदों को मिली मंजूरी

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखनऊ, अमृत विचार : संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान (एसजीपीजीआई) में बन रहे एडवांस पीडियाट्रिक सेंटर के संचालन के लिए शासन ने बड़े पैमाने पर डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों के पदों को मंजूरी दे दी है। शुक्रवार को आयोजित संस्थान की 104वीं गवर्निंग बॉडी की बैठक में यह निर्णय लिया गया।

बैठक की अध्यक्षता मुख्य सचिव एसपी गोयल ने की। इस दौरान संस्थान के निदेशक डॉ. आरके धीमान, डीन डॉ. शालीन कुमार समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

रजिस्ट्रार कर्नल वरुण बाजपेई के अनुसार, सेंटर के संचालन के लिए 131 डॉक्टर, 483 रेजिडेंट, 1540 नर्स, टेक्नीशियन समेत अन्य स्टाफ के पदों को स्वीकृति दी गई है, जबकि 160 पद आउटसोर्सिंग के तहत भरे जाएंगे। इन पदों पर भर्ती के लिए जल्द ही विज्ञापन जारी कर प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

573 बेड की क्षमता वाले इस अत्याधुनिक पीडियाट्रिक सेंटर का पहला चरण अक्टूबर 2026 में शुरू होगा। पहले चरण में करीब 15 विभागों के 293 बेड पर बच्चों को भर्ती कर इलाज शुरू किया जाएगा। इनमें जनरल पीडियाट्रिक्स, पल्मोनरी, न्यूरोलॉजी, ऑन्कोलॉजी, कार्डियोलॉजी, मेडिकल जेनेटिक्स, डेवलपमेंटल पीडियाट्रिक्स, सोशल पीडियाट्रिक्स यूनिट, डे-केयर, इमरजेंसी, नियोनेटोलॉजी, गैस्ट्रोएंटेरोलॉजी, एंडोक्राइनोलॉजी, सर्जरी, एनेस्थीसिया, क्रिटिकल केयर और रेडियोलॉजी जैसी प्रमुख इकाइयां शामिल होंगी।

यह सेंटर पूरी तरह विकसित होने पर 24 विभागों के साथ एक ही छत के नीचे बच्चों के इलाज की समग्र सुविधा उपलब्ध कराएगा। इसे उत्तर भारत का सबसे बड़ा पीडियाट्रिक केंद्र बताया जा रहा है। इसके शुरू होने से उत्तर प्रदेश समेत आसपास के राज्यों के 10 करोड़ से अधिक बच्चों को बेहतर और आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का लाभ मिलेगा।

यह भी पढ़ें : फेफड़ों के कैंसर के 40 फीसदी मरीजों ने नहीं किया धूम्रपान, राष्ट्रीय जांच कार्यक्रम बनाए सरकार

संबंधित समाचार