MSME क्षमता और प्रत्यक्ष निवेश को मिलेगा बढ़ावा, अरुणाचल पहुंचे IIA के अध्यक्ष
अमृत विचार : औद्योगिक परिदृश्य को सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (आईआईए) ने इस क्षेत्र में अपनी रणनीतिक एंट्री की घोषणा की है। आईआईए के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश गोयल गुरुवार को अरुणाचल प्रदेश के नमसई पहुंचे। उनके साथ औद्योगिक क्षेत्रों के प्रतिनिधित्व वाला उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी मौजूद रहा।
इसके तहत स्थानीय उद्यमियों को शुरुआत से लेकर राष्ट्रीय बाजारों में विस्तार और वैश्विक स्तर तक पहुंचने के लिए संपूर्ण मार्गदर्शन (एंड-टू-एंड हैंड होल्डिंग) प्रदान किया जाएगा। उच्चस्तरीय सरकारी वार्ता प्रतिनिधिमंडल की उपमुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री के साथ महत्वपूर्ण बैठकें प्रस्तावित हैं। इन बैठकों में एमएसएमई विकास को छात्रों के करियर प्रोफाइल से जोड़ने और औद्योगिक सहयोग को राज्य की आर्थिक नीति का मुख्य हिस्सा बनाने पर चर्चा होगी।
आईआईए अध्यक्ष दिनेश गोयल ने बताया कि हमारा लक्ष्य पूर्वोत्तर को एमएसएमई का सशक्त केंद्र बनाना है। अरुणाचल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडीज जैसे संस्थानों के साथ साझेदारी, राज्य नेतृत्व के साथ संवाद और प्रत्यक्ष निवेश के माध्यम से हम केवल उद्योग नहीं बना रहे, बल्कि अरुणाचल प्रदेश के लिए एक स्थायी आर्थिक पारिस्थितिकी तंत्र तैयार कर रहे हैं।
आईआईए की इस पहल से क्षेत्र की आर्थिक संभावनाओं को नई दिशा मिलने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय व्यवसायों को देश के अग्रणी औद्योगिक संगठनों में से एक का समर्थन और नेटवर्किंग का लाभ मिलेगा।
इन बातों पर रहेगा जोर
आपसी राज्य निवेश: स्थानीय उत्पादों के विकास को बढ़ावा देने और औद्योगिक भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए पूंजी आकर्षित करना। पारंपरिक क्षेत्र का आदान-प्रदान: क्षेत्र के विशिष्ट पारंपरिक उद्योगों-व्यवसायों के आधुनिकीकरण एवं आपसी समझ को बढ़ावा देना। इसके अलावा आईआईए अरुणाचल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडीज के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर करने जा रहा है। इस साझेदारी का उद्देश्य होगा- 'इंडस्ट्री-अकादमिक कनेक्ट'। जिसके तहत शैक्षणिक पाठ्यक्रमों को वास्तविक औद्योगिक जरूरतों के अनुरूप बनाने की दिशा में काम किया जाएगा।
