Bareilly: फिर शुरू हुई नकटिया नदी को पुनर्जीवित करने की कवायद, दिल्ली की टीम ने परखे हालात
बरेली, अमृत विचार। नकटिया नदी के अस्तित्व को बचाने और इसे स्वच्छ बनाने के लिए केंद्र सरकार ने कड़े कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। भारत सरकार के जल शक्ति मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन की एक उच्च स्तरीय ''लघु नदी पुनर्जीवन टीम'' तीन दिवसीय दौरे पर बुधवार को यहां पहुंची। पहले दिन टीम ने एनएमसीजी की परियोजना अधिकारी डॉ. कृति वर्मा और विशेषज्ञ हरीश कुमार महावर के साथ नकटिया नदी का निरीक्षण किया और उन संवेदनशील बिंदुओं को चिह्नित किया, जहां से शहरी नालों का गंदा पानी सीधे गिर रहा है और उससे नदी का जल पूरी तरह दूषित हो चुका है।
टीम को मुख्य उद्देश्य नकटिया नदी में बढ़ते प्रदूषण, अवैध अतिक्रमण और नदी के समग्र स्वास्थ्य की गंभीर स्थिति का सटीक आकलन करना है। निरीक्षण के दौरान नगर निगम के अधिकारियों के साथ जिला प्रशासन की टीम भी मुस्तैद रही, ताकि विशेषज्ञों को जमीनी स्थिति की सटीक जानकारी मिल सके।
जिलाधिकारी अविनाश सिंह की ओर से नामित नोडल अधिकारी अधिशासी अभियंता (बाढ़ खंड) ने टीम के साथ समन्वय स्थापित किया, वहीं नगर निगम और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने नदी के किनारों पर हुए अतिक्रमण और कचरा निस्तारण की व्यवस्थाओं का ब्यौरा साझा किया। विशेषज्ञों ने नदी के विभिन्न स्थलों से नमूने एकत्र किए और तकनीकी पहलुओं पर चर्चा की, जिससे इसके पुनर्जीवन के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार की जा सके। प्रशासन का मानना है कि इस सर्वेक्षण के बाद नकटिया नदी के संरक्षण के लिए बड़े बजट और परियोजनाओं का रास्ता साफ होगा, जिससे नदी का पारिस्थितिक तंत्र बहाल होगा।
