UP में थमी हादसों की रफ्तार! योगी सरकार की सख्ती लाई रंग, सड़क दुर्घटनाएं 21 % और मौतें 22% तक घटीं
लखनऊ, अमृत विचार। प्रदेश में सड़क सुरक्षा को लेकर योगी सरकार के प्रयासों का असर अब आंकड़ों में दिखाई देने लगा है। ई-डीएआर पोर्टल के अनुसार, जनवरी से अप्रैल 2026 के बीच सड़क दुर्घटनाओं और उनमें होने वाली मौतों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में इस बार 3669 सड़क दुर्घटनाएं कम हुई हैं, जो करीब 21 प्रतिशत की गिरावट है। वहीं हादसों में मरने वालों की संख्या में 2212 की कमी दर्ज की गई, जो लगभग 22 प्रतिशत है।
परिवहन विभाग चला रहा जागरूकता अभियान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर परिवहन विभाग सड़क सुरक्षा को लेकर लगातार जागरूकता अभियान चला रहा है। प्रदेशभर में लगभग 2000 स्थानों पर होर्डिंग लगाकर हेलमेट, सीट बेल्ट और यातायात नियमों के पालन के प्रति लोगों को जागरूक किया जा रहा है। जल्द ही स्कूली वाहनों की फिटनेस और सड़क सुरक्षा को लेकर विशेष अभियान भी शुरू किया जाएगा।
18 हजार से ज्यादा चालकों का स्वास्थ्य परीक्षण
परिवहन निगम के चालकों की नियमित स्वास्थ्य और नेत्र जांच भी कराई जा रही है। अप्रैल 2026 तक 18,975 चालकों का मेडिकल चेकअप किया जा चुका है। लंबी दूरी की बसों में दो चालकों की ड्यूटी और ब्रेथ एनालाइजर जांच भी अनिवार्य की गई है।
जीरो फैटेलिटी योजना से बचीं सैकड़ों जानें
प्रदेश के 75 जिलों के 487 क्रिटिकल पुलिस थानों में लागू जीरो फैटेलिटी डिस्ट्रिक्ट योजना भी प्रभावी साबित हो रही है। यातायात निदेशालय के मुताबिक, योजना लागू होने के बाद चार महीनों में 566 लोगों की जान बचाई जा चुकी है। वहीं प्रदेश के विभिन्न मंडलों में 630 होल्डिंग एरिया भी नोटिफाइड किए गए हैं, जिससे यातायात प्रबंधन को मजबूती मिली है।
जानिए क्या बोले परिवहन आयुक्त
सड़क दुर्घटनाओं को न्यूनतम करने की दिशा में संबंधित विभागों के साथ ठोस कदम भी उठाए जा रहे हैं। आम नागरिकों से भी निवेदन है कि हेलमेट, सीट बेल्ट व यातायात के नियमों का पालन करें। सड़क सुरक्षा, स्कूली वाहनों के फिटनेस आदि को लेकर जल्द ही फिर से अभियान प्रारंभ किया जाएगा...आशुतोष निरंजन, परिवहन आयुक्त, उत्तर प्रदेश।
